काठमांडू: नेपाल फ्लैश फ्लड: नेपाल में आई अचानक बाढ़ ने भारी तबाही मचा दी है। जैसे-जैसे राहत और बचाव कार्य आगे बढ़ रहे हैं, वैसे-वैसे इस त्रासदी से जुड़ी दर्दनाक कहानियां सामने आ रही हैं। इसी बीच इंस्टाग्राम इंफ्लुएंसर तन्वी अन्नमदेवरा ने एक वीडियो साझा कर अपने माता-पिता समेत कैलाश मानसरोवर यात्रा पर गए 67 लोगों के लापता होने की जानकारी दी है। तन्वी के मुताबिक, उनके माता-पिता वेंकटराम और अनघा अन्नमदेवरा भी इस समूह में शामिल थे। हादसे के बाद से परिवार का उनसे संपर्क नहीं हो पाया है।
माता-पिता समेत 67 लोगों से संपर्क नहीं
तन्वी अन्नमदेवरा ने अपने वीडियो में बताया कि उनके माता-पिता कैलाश मानसरोवर की यात्रा के लिए निकले थे। उनके साथ कुल 67 लोगों का एक समूह था। नेपाल में आई भीषण बाढ़ के बाद से इन सभी लोगों से संपर्क टूट गया है। परिवार लगातार अपने करीबियों से संपर्क करने की कोशिश कर रहा है। लेकिन अब तक किसी की भी स्थिति की पुष्टि नहीं हो सकी है। इस खबर ने लापता यात्रियों के परिवारों की चिंता बढ़ा दी है। परिजनों को उम्मीद है कि सभी लोग सुरक्षित स्थान पर पहुंच गए होंगे। राहत और बचाव दलों से जल्द जानकारी मिलने की उम्मीद की जा रही है।
वीडियो में छलके तन्वी के आंसू
तन्वी ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर लोगों से इस मुश्किल वक्त में उम्मीद बनाए रखने की अपील की है। अपने माता-पिता के बारे में बताते हुए उनकी आंखों में आंसू साफ नजर आए। उन्होंने कहा कि अब तक उनसे संपर्क नहीं हो सका है, लेकिन वह उनके सुरक्षित होने की उम्मीद कर रही हैं। तन्वी का कहना है कि बाढ़ के दौरान संभव है कि सभी लोग किसी सुरक्षित स्थान की ओर चले गए हों। इसी उम्मीद के सहारे परिवार राहत और बचाव अभियान की जानकारी का इंतजार कर रहा है। वीडियो के जरिए उन्होंने लोगों तक अपनी चिंता पहुंचाई है। साथ ही लापता यात्रियों के जल्द सुरक्षित मिलने की उम्मीद जताई है।
26 अगस्त की बाढ़ ने मचाई भारी तबाही
नेपाल में 26 अगस्त को आई फ्लैश फ्लड ने कई इलाकों में भारी नुकसान पहुंचाया है। अचानक आए बाढ़ के पानी ने लोगों को संभलने तक का मौका नहीं दिया। कई इलाकों में जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। बाढ़ और इसके बाद पैदा हुए हालात में बड़ी संख्या में लोगों के हताहत होने की खबर सामने आई है। कई परिवार अपनों की तलाश में जुटे हुए हैं। दुर्गम इलाकों में राहत और बचाव अभियान चलाना चुनौती बना हुआ है। लगातार सामने आ रही लापता लोगों की जानकारी ने चिंता और बढ़ा दी है।
ढाई हजार से ज्यादा लोग अब भी लापता
इस त्रासदी के बाद बड़ी संख्या में लोगों के लापता होने की जानकारी सामने आई है। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, ढाई हजार से अधिक लोगों का अब तक पता नहीं चल पाया है। वहीं मृतकों की संख्या भी करीब 800 तक पहुंचने की बात कही जा रही है। करीब 30 देशों के नागरिकों के प्रभावित होने की जानकारी सामने आई है। कई परिवार अपने परिजनों की सुरक्षित वापसी का इंतजार कर रहे हैं। राहत एजेंसियां लगातार प्रभावित इलाकों में खोज और बचाव अभियान चला रही हैं। लापता लोगों का पता लगाने के लिए अभियान को और तेज किया जा रहा है।
भारत और चीन से मांगी गई मदद
नेपाल सरकार ने बड़े पैमाने पर चल रहे राहत और बचाव अभियान में भारत और चीन से भी सहायता मांगी है। बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में फंसे लोगों तक पहुंचना बचाव दलों के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ है। कई स्थानों पर सड़क और संपर्क व्यवस्था प्रभावित होने से राहत सामग्री पहुंचाने में भी मुश्किलें आ रही हैं। ऐसे में पड़ोसी देशों की मदद से बचाव अभियान को गति मिलने की उम्मीद है। प्रशासन प्रभावित इलाकों में लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने में जुटा है। लापता लोगों की तलाश के लिए अलग-अलग एजेंसियां अभियान चला रही हैं। अब सभी की नजरें इस बात पर हैं कि कब लापता यात्रियों की सुरक्षित होने की खबर सामने आती है।