मध्यप्रदेश को शिक्षा, तकनीक और नवाचार का बड़ा केंद्र बनाने की दिशा में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बड़ा ऐलान किया है। उन्होंने कहा कि गुजरात की GIFT City की तर्ज पर भोपाल में EKAI City (Education, Knowledge and AI City) विकसित की जाएगी। यह परियोजना प्रदेश को कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), अनुसंधान और तकनीकी नवाचार के क्षेत्र में नई पहचान दिलाएगी। मुख्यमंत्री ने बताया कि इस महत्वाकांक्षी परियोजना के लिए केंद्र सरकार करीब 10 हजार करोड़ रुपये की फंडिंग उपलब्ध कराएगी, जबकि राज्य सरकार भी इसमें अपनी हिस्सेदारी सुनिश्चित करेगी।
उज्जैन में बनेगा सेंटर ऑफ एक्सीलेंस और डीपटेक रिसर्च पार्क
मुख्यमंत्री ने कहा कि उज्जैन में लगभग 400 करोड़ रुपये की लागत से सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (CoE) की स्थापना की जाएगी। इसके साथ ही यहां डीपटेक रिसर्च पार्क भी विकसित किया जाएगा, जो उभरती तकनीकों, अनुसंधान और नवाचार को बढ़ावा देने का केंद्र बनेगा।
टेक सेक्टर में आया 12,500 करोड़ रुपये का निवेश
डॉ. मोहन यादव ने बताया कि मध्यप्रदेश के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी क्षेत्र में अब तक 12,500 करोड़ रुपये का निवेश प्राप्त हुआ है। इस निवेश से प्रदेश में करीब 50 हजार नए रोजगार अवसर सृजित होने की संभावना है। उन्होंने कहा कि तकनीकी क्षेत्र में बढ़ता निवेश प्रदेश की अर्थव्यवस्था को मजबूती देने के साथ युवाओं के लिए रोजगार के नए द्वार खोल रहा है।
नवाचार और अनुसंधान को मिलेगा बढ़ावा
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य मध्यप्रदेश को ज्ञान, अनुसंधान और प्रौद्योगिकी का अग्रणी केंद्र बनाना है। इसके लिए नवाचार आधारित परियोजनाओं को प्राथमिकता दी जा रही है और निवेशकों के साथ लगातार संवाद स्थापित किया जा रहा है। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को बेहतर समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए, ताकि विज्ञान और प्रौद्योगिकी क्षेत्र में नई संभावनाओं को तेजी से साकार किया जा सके।
निवेशकों को मिल रही विशेष सुविधाएं
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में निवेश आकर्षित करने के लिए सरकार द्वारा पूंजीगत व्यय सहायता, ब्याज सब्सिडी और अन्य प्रोत्साहन दिए जा रहे हैं। इसके अलावा स्टार्टअप मिशन के माध्यम से विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी क्षेत्र में निवेश करने वाले निवेशकों को आवश्यक सहयोग भी उपलब्ध कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि उद्योग विभाग के पास लगभग 10 लाख वर्ग फीट भूमि उपलब्ध है और निवेशकों को कम से कम समय में भूमि आवंटन सुनिश्चित किया जा रहा है।
अमेरिका की 4 यूनिवर्सिटी खोलना चाहती हैं कैंपस
मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि अमेरिका की चार प्रतिष्ठित यूनिवर्सिटी मध्यप्रदेश में अपने अध्ययन परिसर (स्टडी कैंपस) स्थापित करने की इच्छुक हैं। इससे प्रदेश के छात्रों को विश्वस्तरीय शिक्षा और अनुसंधान सुविधाएं मिलने का रास्ता खुलेगा।
आईटी और AI सेक्टर में बड़े निवेश प्रस्ताव
डॉ. मोहन यादव ने बताया कि प्रदेश में आईटी, आईटीईएस, क्वांटम टेक्नोलॉजी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे उभरते क्षेत्रों में करीब 5,892 करोड़ रुपये के मेगा प्रोजेक्ट्स प्रस्तावित हैं।
वर्तमान में मध्यप्रदेश में:
- 5 आईटी एसईजेड संचालित हैं
- 15 से अधिक आईटी पार्क मौजूद हैं
- 50 से ज्यादा बड़ी आईटी कंपनियां कार्यरत हैं
- 1,200 से अधिक टेक स्टार्टअप सक्रिय हैं
तकनीकी आत्मनिर्भरता की दिशा में बड़ा कदम
मुख्यमंत्री ने कहा कि विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी क्षेत्र में होने वाला निवेश केवल औद्योगिक विकास तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इससे रोजगार सृजन, अनुसंधान, स्टार्टअप संस्कृति और तकनीकी आत्मनिर्भरता को भी नई गति मिलेगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि निवेश परियोजनाओं को जल्द से जल्द धरातल पर उतारा जाए, ताकि प्रदेश को इसका लाभ शीघ्र मिल सके।