भोपाल. भारत मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार शनिवार को मध्यप्रदेश के अधिकांश जिलों में बारिश की गतिविधियां तेज रहने की संभावना है। भोपाल, रायसेन, सीहोर, विदिशा, इंदौर, धार, झाबुआ, अलीराजपुर, बड़वानी, खरगोन, खंडवा, बुरहानपुर, देवास, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, जबलपुर, कटनी, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, बालाघाट, मंडला, रीवा, सतना, सीधी, सिंगरौली, मऊगंज, मैहर, शहडोल, अनूपपुर, सागर, पन्ना, दमोह, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी सहित कुल 44 जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने कई स्थानों पर आकाशीय बिजली गिरने की आशंका को देखते हुए लोगों से अतिरिक्त सतर्कता बरतने की अपील की है।
डिंडौरी और उमरिया में भारी बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग ने डिंडौरी और उमरिया जिलों के लिए भारी वर्षा का विशेष अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में अल्प समय में तेज बारिश होने की संभावना है, जिससे निचले इलाकों में जलभराव, छोटे नदी-नालों के उफान पर आने और यातायात प्रभावित होने की आशंका बनी हुई है। प्रशासन को भी आवश्यक तैयारियां रखने और संवेदनशील क्षेत्रों पर निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि किसी भी आपात स्थिति से समय रहते निपटा जा सके।
कुछ जिलों में बारिश कम, गर्मी और उमस का असर रहेगा
हालांकि प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बारिश की संभावना है, लेकिन श्योपुर, राजगढ़, शाजापुर, उज्जैन, आगर-मालवा, रतलाम, नीमच और मंदसौर सहित कुछ क्षेत्रों में तेज धूप और उमस का प्रभाव बना रह सकता है। इन जिलों में बादलों की आवाजाही तो रहेगी, लेकिन वर्षा की संभावना अपेक्षाकृत कम बताई गई है। मौसम विशेषज्ञों ने लोगों को दोपहर के समय अनावश्यक रूप से धूप में निकलने से बचने और पर्याप्त मात्रा में पानी पीने की सलाह दी है, ताकि लू और गर्मी से जुड़ी स्वास्थ्य समस्याओं से बचा जा सके।
19 जुलाई से सक्रिय होगा नया वेदर सिस्टम
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार 19 जुलाई से प्रदेश में एक नया मौसम तंत्र सक्रिय होने की संभावना है। इसके प्रभाव से मध्यप्रदेश के कई हिस्सों में बारिश की तीव्रता और बढ़ सकती है। यदि यह सिस्टम अपेक्षित रूप से मजबूत रहा तो कई जिलों में लगातार वर्षा का दौर देखने को मिल सकता है। इससे जलाशयों में जलस्तर बढ़ने, भूजल पुनर्भरण और खरीफ फसलों के लिए अनुकूल परिस्थितियां बनने की उम्मीद जताई जा रही है।
किसानों और आम नागरिकों के लिए महत्वपूर्ण सलाह
मानसून की सक्रियता किसानों के लिए राहत लेकर आ सकती है, क्योंकि समय पर होने वाली बारिश से सोयाबीन, धान, मक्का और अन्य खरीफ फसलों को लाभ मिलेगा। वहीं मौसम विभाग ने आम नागरिकों से गरज-चमक के दौरान खुले स्थानों, पेड़ों और बिजली के खंभों के पास खड़े न होने की सलाह दी है। तेज बारिश के दौरान सुरक्षित स्थान पर रहने, अनावश्यक यात्रा से बचने और प्रशासन द्वारा जारी मौसम संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील भी की गई है, ताकि किसी भी प्रकार की जनहानि से बचा जा सके।