मधेपुरा: सावन के आखिरी सोमवार के मौके पर बिहार के मधेपुरा जिले के प्रसिद्ध सिंहेश्वर मंदिर में अचानक भगदड़ मच गई। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की भीड़ के बीच अफरा-तफरी की स्थिति पैदा हो गई, जिसमें कई श्रद्धालुओं के घायल होने की सूचना है। घटना के बाद मंदिर परिसर में मौजूद पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने तत्काल मोर्चा संभाला और भीड़ को नियंत्रित करने की कोशिश की।
स्थिति बिगड़ने के बाद प्रशासन ने श्रद्धालुओं को सुरक्षित बाहर निकालने का काम शुरू किया। घायलों को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है। फिलहाल मंदिर परिसर में स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है और पूजा-अर्चना फिर से जारी है।
सावन की आखिरी सोमवार पर उमड़ी थी भारी भीड़
सावन के अंतिम सोमवार को भगवान शिव के दर्शन और जलाभिषेक के लिए सिंहेश्वर मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे थे। सुबह से ही मंदिर परिसर और आसपास के इलाकों में भक्तों की भारी भीड़ जमा थी।इसी दौरान अचानक भीड़ में अफरा-तफरी मच गई और देखते ही देखते भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। लोगों के बीच खुद को सुरक्षित निकालने की होड़ मच गई।
कई श्रद्धालु घायल, अस्पताल भेजे गए
भगदड़ की चपेट में आने से कई श्रद्धालुओं के घायल होने की सूचना सामने आई है। घटना के बाद घायलों को तत्काल इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया।फिलहाल घायलों की संख्या और उनकी स्थिति को लेकर प्रशासन की ओर से विस्तृत जानकारी सामने आना बाकी है। राहत की बात यह है कि प्रशासन ने समय रहते स्थिति को संभाल लिया।
पुलिस-प्रशासन ने संभाला मोर्चा
घटना की जानकारी मिलते ही मंदिर परिसर में तैनात पुलिसकर्मियों और प्रशासनिक अधिकारियों ने मोर्चा संभाला। अधिकारियों ने भीड़ को नियंत्रित किया और श्रद्धालुओं को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया।मंदिर परिसर में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है।
स्थिति नियंत्रण में, फिर शुरू हुआ जलार्पण
भगदड़ के बाद कुछ समय के लिए मंदिर परिसर में अफरा-तफरी का माहौल रहा, लेकिन प्रशासन की कार्रवाई के बाद स्थिति सामान्य हो गई।स्थिति नियंत्रण में आने के बाद सिंहेश्वर मंदिर में श्रद्धालुओं का जलार्पण और पूजा-अर्चना जारी है। भक्तों को व्यवस्थित तरीके से मंदिर में प्रवेश कराया जा रहा है।
जिला प्रशासन ने श्रद्धालुओं से धैर्य और संयम बनाए रखने की अपील की है। प्रशासन का कहना है कि भीड़ के बीच जल्दबाजी करने से स्थिति और बिगड़ सकती है।सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए श्रद्धालुओं से पुलिस और प्रशासन के निर्देशों का पालन करने को कहा जा रहा है, ताकि मंदिर में दर्शन और पूजा शांतिपूर्ण तरीके से जारी रह सके।