रोहतक - भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन रविवार को हरियाणा के रोहतक में आयोजित ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ पदयात्रा में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने जनसभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस और राहुल गांधी पर तीखे राजनीतिक हमले किए। उन्होंने कहा कि पदयात्रा में शामिल लोगों का हर कदम देश के लोकतंत्र को मजबूत करने और जनता के जनादेश का सम्मान करने के लिए है।
जनादेश के सम्मान को लेकर कांग्रेस पर निशाना
नितिन नवीन ने कहा कि कुछ लोग सवाल करते हैं कि केंद्र और कई राज्यों में भाजपा की सरकार होने के बावजूद लोकतंत्र बचाने की जरूरत क्यों पड़ रही है। इसका जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि जब विपक्ष जनादेश का सम्मान करने के बजाय उसे चुनौती देता है, तब लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए आवाज उठाना जरूरी हो जाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस जनता के फैसले को स्वीकार नहीं करती और चुनावी हार के बाद लोकतांत्रिक संस्थाओं पर सवाल उठाती है।
1984 के सिख विरोधी दंगों को लेकर राहुल गांधी से सवाल
भाजपा अध्यक्ष ने 1984 में हुए सिख विरोधी दंगों का जिक्र करते हुए कांग्रेस से माफी मांगने की मांग की। उन्होंने कहा कि उस समय सिख समुदाय के लोगों के साथ हुई हिंसा के लिए कांग्रेस को प्रायश्चित करना चाहिए था।
नितिन नवीन ने तत्कालीन प्रधानमंत्री राजीव गांधी के उस बयान का भी उल्लेख किया, जिसमें उन्होंने कहा था कि ‘जब बड़ा पेड़ गिरता है, तो धरती कांपती है।’ नवीन ने राहुल गांधी से सवाल किया कि उस हिंसा में जान गंवाने वाले सिखों के परिवारों के दर्द को लेकर कांग्रेस ने माफी क्यों नहीं मांगी। उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी आज प्रदर्शन करके पीड़ितों के जख्मों को फिर से कुरेद रही है।
इंदिरा गांधी के चुनाव और संविधान का किया जिक्र
नितिन नवीन ने कांग्रेस के संविधान बचाने के अभियान पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस आज संविधान की प्रति लेकर घूमती है, लेकिन उसी पार्टी के शासनकाल में संविधान और लोकतांत्रिक व्यवस्था को नुकसान पहुंचाया गया।
उन्होंने 1975 में इलाहाबाद हाईकोर्ट के उस फैसले का जिक्र किया, जिसमें तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के रायबरेली लोकसभा चुनाव को अमान्य घोषित किया गया था। नवीन ने आरोप लगाया कि कांग्रेस की राजनीतिक विरासत में सरकारी मशीनरी के दुरुपयोग और चुनावी प्रक्रिया पर सवाल खड़े करने के उदाहरण रहे हैं।
राहुल गांधी पर घुसपैठ और विदेशी ताकतों को लेकर आरोप
भाजपा अध्यक्ष ने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि उन्हें देश की जनता के जनादेश पर भरोसा नहीं है। उन्होंने घुसपैठियों के मुद्दे को उठाते हुए कहा कि कांग्रेस को देश के मतदाताओं के फैसले का सम्मान करना चाहिए।
नितिन नवीन ने यह भी आरोप लगाया कि राहुल गांधी विदेशी ताकतों के इशारे पर काम कर रहे हैं और उनके बयानों से देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था को चुनौती मिलती है। उन्होंने कहा कि सरकार जनता के मत से बनी है और उसे अस्थिर करने की कोशिशों का लोकतांत्रिक तरीके से जवाब दिया जाएगा।
पदयात्रा के जरिए राजनीतिक संदेश
अपने संबोधन के अंत में नितिन नवीन ने कहा कि देश की जनता सब देख रही है और लोकतंत्र में अंतिम फैसला मतदाता ही करता है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अराजकता की राजनीति का विरोध करने और जनता के जनादेश के सम्मान के लिए आवाज उठाने का आह्वान किया।
गौरतलब है कि रोहतक में आयोजित इस पदयात्रा के दौरान भाजपा अध्यक्ष ने कांग्रेस के खिलाफ कई गंभीर आरोप लगाए। ये आरोप उनके राजनीतिक संबोधन का हिस्सा हैं। कांग्रेस की ओर से इन बयानों पर प्रतिक्रिया आने पर उसका पक्ष भी खबर में शामिल किया जा सकता है।