आंध्र प्रदेश - आंध्र प्रदेश के उपमुख्यमंत्री और अभिनेता पवन कल्याण ने हाल ही में अपने नाम से जुड़ा एक दिलचस्प किस्सा साझा किया। उन्होंने बताया कि उनका असली नाम 'श्री कल्याण कुमार' था, लेकिन समय के साथ उनका नाम बदलता गया और फिल्म इंडस्ट्री में आने से पहले उन्हें 'पवन कल्याण' के नाम से पहचान मिली।
मार्शल आर्ट्स टीचर ने जोड़ा था 'पवन'
पवन कल्याण ने बताया कि फिल्मों में कदम रखने से पहले वह मार्शल आर्ट्स और शारीरिक प्रशिक्षण पर काफी ध्यान देते थे। उसी दौरान उनके एक मार्शल आर्ट्स प्रशिक्षक ने उनके नाम के साथ 'पवन' शब्द जोड़ दिया था। इसके बाद से लोग उन्हें पवन कल्याण के नाम से जानने लगे। अभिनेता ने बताया कि उस समय वह अपनी फिटनेस और ताकत के लिए काफी मेहनत करते थे। उन्होंने कहा कि वह अपने सीने पर लगभग 450 किलोग्राम तक वजन रखकर ताकत का प्रदर्शन किया करते थे। इतना ही नहीं, उनके सीने पर पत्थर की सिल्लियां भी तोड़ी जाती थीं, जिसे देखकर लोग हैरान रह जाते थे।
हनुमान से जुड़ा नाम का संबंध
पवन कल्याण ने बताया कि उनके मार्शल आर्ट्स टीचर उनकी ताकत और समर्पण से बेहद प्रभावित थे। उन्होंने एक बार उनसे कहा था, "तुम हनुमान जैसे हो, पवन पुत्र हनुमान।" अभिनेता का मानना है कि शायद इसी वजह से उनके गुरु ने उनके नाम के साथ 'पवन' जोड़ दिया, जो बाद में उनकी पहचान बन गया।
नाम बना पहचान का प्रतीक
आज पवन कल्याण सिर्फ दक्षिण भारतीय सिनेमा ही नहीं, बल्कि राजनीति में भी एक बड़ा नाम हैं। करोड़ों प्रशंसक उन्हें इसी नाम से जानते हैं। उनके द्वारा साझा की गई यह कहानी अब सोशल मीडिया पर भी खूब चर्चा बटोर रही है। फैंस को यह जानकर हैरानी हुई कि उनके पसंदीदा स्टार के नाम के पीछे भगवान हनुमान और उनके मार्शल आर्ट्स गुरु की प्रेरणा जुड़ी हुई है।