अमेरिका की प्रतिष्ठित डेटा एनालिटिक्स कंपनी फर्म 'मॉर्निंग कंसल्ट' के ताज़ा वैश्विक सर्वे में भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक बार फिर अपनी लोकप्रियता का लोहा मनवाया है। सर्वे के अनुसार, मोदी 68% की मजबूत अप्रूवल रेटिंग के साथ दुनिया के सबसे लोकप्रिय लोकतांत्रिक नेता बनकर उभरे हैं।
सर्वे के आंकड़े क्या कहते हैं?
ग्लोबल लीडर अप्रूवल रेटिंग ट्रैकर” के तहत जारी यह रिपोर्ट 2 से 8 मार्च 2026 के बीच जुटाए गए डेटा पर आधारित है। इसमें विभिन्न देशों के वयस्क नागरिकों की राय को शामिल किया गया है, जिसे 7 दिनों के मूविंग एवरेज के रूप में प्रस्तुत किया गया है। इस पद्धति से नेताओं की लोकप्रियता का एक स्थिर और संतुलित आंकलन किया जाता है।
क्यों बरकरार है मोदी की लोकप्रियता?
रिपोर्ट के मुताबिक, प्रधानमंत्री मोदी की लगातार बनी घरेलू लोकप्रियता उनकी सबसे बड़ी ताकत है। भारत में उनकी नीतियों, योजनाओं और मजबूत नेतृत्व शैली ने उन्हें आम जनता के बीच बेहद लोकप्रिय बनाए रखा है। इसके साथ ही, अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत की बढ़ती सक्रियता और प्रभाव ने भी मोदी की छवि को वैश्विक स्तर पर मजबूती दी है। चाहे वह वैश्विक कूटनीति हो, आर्थिक सहयोग हो या बड़े अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत का प्रतिनिधित्व—हर क्षेत्र में उनकी सक्रिय भूमिका नजर आती है।
वैश्विक स्तर पर बढ़ती पहचान
पिछले कुछ वर्षों में नरेंद्र मोदी ने भारत की वैश्विक छवि को मजबूत करने में अहम भूमिका निभाई है। कई अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रमों और साझेदारियों में उनकी मौजूदगी ने भारत को एक महत्वपूर्ण वैश्विक शक्ति के रूप में स्थापित करने में मदद की है।
सर्वे को समझना भी जरूरी
हालांकि यह उपलब्धि महत्वपूर्ण है, लेकिन यह ध्यान रखना जरूरी है कि यह सर्वे केवल लोकतांत्रिक देशों के नेताओं तक सीमित है। इसके अलावा, अलग-अलग सर्वे एजेंसियों के नतीजे अलग हो सकते हैं और समय के साथ अप्रूवल रेटिंग में बदलाव भी संभव है। कुल मिलाकर, ताज़ा सर्वे यह दर्शाता है कि नरेंद्र मोदी की लोकप्रियता न सिर्फ भारत में बल्कि वैश्विक स्तर पर भी मजबूत बनी हुई है, जो उन्हें विश्व राजनीति में एक प्रभावशाली नेता के रूप में स्थापित करती है।