मध्य प्रदेश सरकार ने संविदा कर्मचारियों के हित में एक अहम कदम उठाते हुए सभी विभागों, निगमों, मंडलों और सरकारी संस्थाओं को संविदा नीति 2023 को सख्ती से लागू करने के निर्देश दिए हैं। सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) ने सभी अपर मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव और सचिवों को पत्र जारी कर निर्देश दिए हैं कि वे अपने अधीनस्थ विभागों, परियोजनाओं, निगम-मंडलों और अन्य सरकारी संस्थाओं में कार्यरत संविदा कर्मचारियों पर संविदा नीति 2023 का पूर्ण क्रियान्वयन सुनिश्चित करें। विभागों से इस नीति के क्रियान्वयन की वर्तमान स्थिति की विस्तृत रिपोर्ट भी मांगी गई है। प्रदेश में विभिन्न विभागों, निगमों और सरकारी संस्थाओं में डेढ़ लाख से अधिक संविदा कर्मचारी कार्यरत हैं।
संविदा नीति 2023 के प्रमुख प्रावधान
- संविदा कर्मचारियों को अनुकंपा नियुक्ति का लाभ
- विभिन्न प्रकार के अवकाश (leave) के लाभ
- अन्य सेवा संबंधी सुविधाएं
पहले निगमों और मंडलों को इस नीति को अपने स्तर पर लागू करने का अधिकार दिया गया था, लेकिन अब सरकार इसके वास्तविक और एकसमान क्रियान्वयन की समीक्षा कर रही है। सरकार का मानना है कि नीति का लाभ सभी संविदा कर्मचारियों तक बिना किसी भेदभाव के पहुंचना चाहिए। इस निर्देश के बाद अब सभी विभागों को स्पष्ट रूप से बताना होगा कि उनके अधीन कितने संविदा कर्मचारी कार्यरत हैं और उनमें से कितनों को संविदा नीति 2023 के तहत दिए जाने वाले लाभ लागू किए गए हैं।