भोपाल। प्रधानमंत्री की ईंधन बचाने और पर्यावरण संरक्षण की अपील के बाद मध्यप्रदेश सरकार ने एक अहम कदम उठाया है। राज्य के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव अब इलेक्ट्रिक कार से आधिकारिक यात्राएं करेंगे। इसके लिए स्टेट गैरेज द्वारा नई इलेक्ट्रिक कार खरीदी गई है, जिसे मुख्यमंत्री के काफिले में शामिल किया जाएगा।
ड्राइवरों को दी जा रही विशेष ट्रेनिंग
सरकारी सूत्रों के अनुसार, इलेक्ट्रिक वाहन को काफिले में शामिल करने से पहले ड्राइवरों को विशेष ट्रेनिंग दी जा रही है। इसमें EV की तकनीक, चार्जिंग प्रक्रिया, बैटरी मैनेजमेंट और आपातकालीन परिस्थितियों में सुरक्षा उपायों की जानकारी शामिल है। ट्रेनिंग और सभी सेफ्टी प्रोटोकॉल पूरे होने के बाद ही वाहन का नियमित उपयोग शुरू किया जाएगा।
सुरक्षा मानकों पर कोई समझौता नहीं
मुख्यमंत्री के काफिले में शामिल होने वाली इलेक्ट्रिक कार को सुरक्षा एजेंसियों के सभी तय मानकों पर परखा जा रहा है। रेंज, बैकअप व्यवस्था, तकनीकी विश्वसनीयता और सुरक्षा उपकरणों की गहन जांच की जा रही है, ताकि किसी भी स्तर पर जोखिम न रहे।
पर्यावरण संरक्षण की दिशा में बड़ा संदेश
मुख्यमंत्री का इलेक्ट्रिक वाहन का उपयोग करना न केवल ईंधन की बचत करेगा, बल्कि यह आम लोगों को भी पर्यावरण-अनुकूल परिवहन अपनाने के लिए प्रेरित करेगा। सरकार का मानना है कि इस पहल से राज्य में इलेक्ट्रिक वाहनों के प्रति जागरूकता और भरोसा दोनों बढ़ेंगे।
अन्य विभागों में भी EV के उपयोग की तैयारी
सूत्रों के मुताबिक, मुख्यमंत्री के काफिले में EV शामिल होने के बाद अन्य सरकारी विभागों में भी चरणबद्ध तरीके से इलेक्ट्रिक वाहनों को अपनाने की योजना बनाई जा रही है।