नई दिल्ली - इंग्लैंड क्रिकेट में एक बड़े बदलाव का दौर शुरू हो गया है। बेन स्टोक्स के अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास के बाद अब ब्रैंडन मैक्कुलम भी इंग्लैंड की टेस्ट टीम के हेड कोच पद से हट गए हैं। इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ECB) ने आधिकारिक घोषणा करते हुए बताया कि मैक्कुलम अब टेस्ट टीम के मुख्य कोच नहीं रहेंगे। हालांकि, वह इंग्लैंड की वनडे और टी20 (व्हाइट-बॉल) टीमों के मुख्य कोच के रूप में अपनी जिम्मेदारियां निभाते रहेंगे।
'बैजबॉल' ने बदल दी थी इंग्लैंड की टेस्ट क्रिकेट की पहचान
ब्रैंडन मैक्कुलम ने चार वर्षों तक इंग्लैंड की टेस्ट टीम को नई सोच और आक्रामक अंदाज के साथ आगे बढ़ाया। उनकी कोचिंग और बेन स्टोक्स की कप्तानी में इंग्लैंड ने टेस्ट क्रिकेट में तेज, निडर और सकारात्मक खेल को अपनाया, जिसे पूरी दुनिया में 'बैजबॉल' (Bazball) के नाम से पहचान मिली। इस रणनीति ने इंग्लैंड की टेस्ट टीम की छवि पूरी तरह बदल दी और कई यादगार जीत दिलाईं। स्टोक्स और मैक्कुलम की जोड़ी को आधुनिक टेस्ट क्रिकेट की सबसे प्रभावशाली कप्तान-कोच जोड़ियों में गिना जाता है।
ECB ने जताया आभार
ECB के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) रिचर्ड गोल्ड ने ब्रैंडन मैक्कुलम के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने इंग्लैंड की टेस्ट टीम में नई ऊर्जा और नया आत्मविश्वास भरा। उन्होंने कहा कि, ब्रैंडन के कार्यकाल में टीम ने कई ऐतिहासिक और शानदार जीत हासिल कीं। हम उनके योगदान के लिए बेहद आभारी हैं।
एशेज से पहले बदलाव का फैसला
रिचर्ड गोल्ड ने बताया कि बोर्ड को लगता है कि टेस्ट टीम में बदलाव का यही सही समय है। अगले वर्ष होने वाली प्रतिष्ठित एशेज सीरीज को ध्यान में रखते हुए इंग्लैंड नई रणनीति के साथ आगे बढ़ना चाहता है। उन्होंने कहा कि टीम का सबसे बड़ा लक्ष्य आगामी एशेज सीरीज जीतना है और इसी उद्देश्य से टेस्ट टीम में नए नेतृत्व की शुरुआत की जा रही है।
व्हाइट-बॉल टीम के साथ जारी रहेगा सफर
हालांकि मैक्कुलम टेस्ट टीम से अलग हो गए हैं, लेकिन इंग्लैंड क्रिकेट से उनका रिश्ता खत्म नहीं हुआ है। वह सीमित ओवरों की टीम के मुख्य कोच बने रहेंगे और आगामी वनडे तथा टी20 टूर्नामेंटों में इंग्लैंड की तैयारियों की जिम्मेदारी संभालेंगे। ब्रैंडन मैक्कुलम के टेस्ट कोच पद से हटने के साथ ही इंग्लैंड क्रिकेट के चर्चित 'बैजबॉल' युग का एक महत्वपूर्ण अध्याय भी समाप्त हो गया।