नानकमत्ता : मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सेवा संकल्प अभियान के तहत नानकमत्ता में आयोजित विशेष स्वच्छता कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। स्वच्छता अभियान से पहले मुख्यमंत्री ने प्रातः ऐतिहासिक गुरुद्वारा नानकमता साहिब पहुंचकर मत्था टेका और प्रदेश की सुख-समृद्धि खुशहाली एवं शांति के लिए आशीर्वाद प्राप्त किया।
गुरुद्वारा नानकमता साहिब में मत्था टेकने के बाद मुख्यमंत्री ने परिसर में आयोजित स्वच्छता अभियान में स्वयं श्रमदान किया। उन्होंने परिसर की साफ-सफाई कर लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक किया। इस दौरान बड़ी संख्या में उपस्थित लोगों और आम नागरिकों को स्वच्छता का संदेश देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि धार्मिक स्थलों की पवित्रता बनाए रखना और अपने आसपास के वातावरण को स्वच्छ रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।
गुरुद्वारा कमेटी ने CM धामी को भेंट किया सरोपा
स्वच्छता अभियान के दौरान गुरुद्वारा नानकमता साहिब कमेटी की ओर से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को सरोपा और स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया। मुख्यमंत्री ने गुरुद्वारा परिसर में मौजूद श्रद्धालुओं और लोगों से भी स्वच्छता को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने की अपील की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वच्छता को केवल किसी विशेष अभियान या कार्यक्रम तक सीमित नहीं रखा जाना चाहिए। इसे निरंतर चलने वाली जनभागीदारी की प्रक्रिया बनाना जरूरी है।
प्रधानमंत्री मोदी के 25 वर्षों के जनसेवा कार्यकाल का किया उल्लेख
इस अवसर पर मुख्यमंत्री धामी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन और 25 वर्षों के जनसेवा कार्यकाल का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने जीवन का हर पल और क्षण भारत माता तथा देशवासियों के उत्थान के लिए समर्पित किया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस 17 सितंबर से सेवा संकल्प अभियान की शुरुआत हुई है और यह अभियान देशभर में उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। इसी क्रम में नानकमत्ता साहिब के पावन परिसर में विशेष स्वच्छता अभियान आयोजित किया गया।
धार्मिक और पर्यटन स्थलों की स्वच्छता पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड देश का प्रमुख धार्मिक और पर्यटन राज्य है। यहां हर वर्ष देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक पहुंचते हैं। ऐसे में प्रदेश के प्रमुख सार्वजनिक एवं धार्मिक स्थलों को स्वच्छ रखना सरकार के साथ-साथ आम नागरिकों की भी जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा कि बस अड्डों रेलवे स्टेशनों सरकारी कार्यालयों अस्पतालों और धार्मिक स्थलों की स्वच्छता को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। इन स्थानों पर स्वच्छ वातावरण न केवल श्रद्धालुओं और पर्यटकों को बेहतर अनुभव देता है बल्कि प्रदेश की छवि को भी मजबूत करता है।
अभियान को निरंतर आगे बढ़ाने की बात
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि स्वच्छता अभियान किसी एक दिन तक सीमित नहीं रहेगा। इसे निरंतर आगे बढ़ाया जाएगा और इसमें आम लोगों की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने लोगों से अपने घर आसपास के क्षेत्र और सार्वजनिक स्थलों को साफ रखने तथा दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करने का आह्वान किया।
नानकमत्ता साहिब में आयोजित कार्यक्रम के दौरान धार्मिक आस्था जनसेवा और स्वच्छता का संदेश एक साथ देखने को मिला। मुख्यमंत्री के श्रमदान और स्वच्छता के आह्वान के साथ कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने भी स्वच्छ वातावरण बनाए रखने का संकल्प लिया।