उत्तर प्रदेश: विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया पूरी होने के बाद अंतिम मतदाता सूची जारी कर दी गई है। इस सूची में मतदाताओं की संख्या और संरचना में बड़े स्तर पर बदलाव देखने को मिला है, जिससे राज्य की राजनीतिक तस्वीर पर भी असर पड़ने की संभावना जताई जा रही है।
कुल मतदाता संख्या
उत्तर प्रदेश में अब कुल 13.39 करोड़ मतदाता दर्ज किए गए हैं। यह आंकड़ा पहले जारी 15.44 करोड़ की फ्रीज सूची से करीब 2.05 करोड़ कम है। इस बड़े बदलाव ने राज्य में चुनावी तैयारियों और राजनीतिक समीकरणों पर चर्चा तेज कर दी है।
2 करोड़ नाम कटे
SIR प्रक्रिया के दौरान लगभग 2.05 करोड़ मतदाताओं के नाम सूची से हटाए गए हैं। चुनाव आयोग के अनुसार यह प्रक्रिया कई चरणों में पूरी की गई, जिसमें मृत, स्थानांतरित और अपात्र मतदाताओं के नाम हटाए गए।
लैंगिक अनुपात
नई सूची के अनुसार राज्य में पुरुष मतदाता 54.54% और महिला मतदाता 45.46% हैं। कुल पुरुष मतदाता 7.30 करोड़ से अधिक और महिला मतदाता 6.09 करोड़ से अधिक दर्ज किए गए हैं, जबकि तृतीय लिंग के 4,206 मतदाता भी शामिल हैं।
युवा मतदाता
18 से 19 वर्ष आयु वर्ग के करीब 17.63 लाख नए युवा मतदाता सूची में शामिल हुए हैं। यह संख्या आने वाले चुनावों में युवा वोट बैंक को और मजबूत बना सकती है।
चुनाव आयोग का बयान
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि जिन योग्य नागरिकों के नाम छूट गए हैं, वे फॉर्म-6 भरकर अपना नाम जुड़वा सकते हैं और आगामी संशोधन में शामिल हो सकते हैं।