कोलकाता (पश्चिम बंगाल)। पश्चिम बंगाल के मंत्री दिलीप घोष ने तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) और उसके नेताओं पर निशाना साधते हुए कहा कि अदालत के निर्देशों का पालन सभी को करना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि जब भी सीबीआई या ईडी की कार्रवाई होती है, तब टीएमसी नेता अदालत का रुख कर राहत हासिल करते हैं, लेकिन जांच में सहयोग करने की बात आने पर विरोध करने लगते हैं।
'कोर्ट का सम्मान सभी के लिए जरूरी'
दिलीप घोष ने कहा कि अभिषेक बनर्जी और ममता बनर्जी ने पहले जांच एजेंसियों की कार्रवाई के दौरान अदालत से संरक्षण प्राप्त किया था। ऐसे में अब जब अदालत जांच में सहयोग करने की बात कह रही है, तो उसका विरोध करना उचित नहीं है।
संविधान के खिलाफ काम करने का आरोप
उन्होंने कहा कि यदि जरूरत पड़ने पर अदालत का सहारा लिया जाए, लेकिन कानून-व्यवस्था और जांच प्रक्रिया में सहयोग न किया जाए, तो यह संविधान की भावना के विपरीत है। उन्होंने टीएमसी पर न्यायिक प्रक्रिया का चयनात्मक उपयोग करने का आरोप लगाया।