पश्चिम मेदिनीपुर: दुर्गा पूजा के उत्सव के बीच पश्चिम मेदिनीपुर जिला पुलिस ने महिला सुरक्षा और सशक्तिकरण की दिशा में एक अहम कदम उठाया है। पुलिस लाइन्स हाउसिंग कॉम्प्लेक्स में दुर्गा पूजा के शुभारंभ के अवसर पर ‘दुर्गा वाहिनी’ और ‘पिंक मोबाइल’ सेवा की शुरुआत की गई। इस पहल का उद्देश्य महिलाओं को सुरक्षित माहौल उपलब्ध कराने, छेड़छाड़ और उत्पीड़न जैसी घटनाओं पर रोक लगाने तथा बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ जागरूकता बढ़ाना है।
एसपी पापिया सुल्ताना ने किया उद्घाटन, सांसद जून मालिया भी रहीं मौजूद
पश्चिम मेदिनीपुर पुलिस की इस पहल का उद्घाटन पुलिस अधीक्षक पापिया सुल्ताना (आईपीएस) ने किया। कार्यक्रम में सांसद जून मालिया, जिला मुख्य स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. सौम्यशंकर सारंगी, सरकारी वकील, वरिष्ठ पुलिस अधिकारी और पुलिस परिवार के सदस्य मौजूद रहे। दुर्गा पूजा के पारंपरिक उत्साह के बीच महिला सुरक्षा को केंद्र में रखकर शुरू की गई इस पहल को जिले में महिलाओं के लिए अधिक सुरक्षित वातावरण तैयार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
‘दुर्गा वाहिनी’ और ‘पिंक मोबाइल’ से मजबूत होगी महिला सुरक्षा
महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से शुरू की गई ‘दुर्गा वाहिनी’ और ‘पिंक मोबाइल’ सेवा के जरिए पुलिस की महिला सुरक्षा संबंधी पहल को मजबूती देने का प्रयास किया गया है। ‘दुर्गा वाहिनी’ के तहत महिला पुलिसकर्मियों की टीम को प्रमुखता दी गई है, जबकि ‘पिंक मोबाइल’ सेवा को महिलाओं की सुरक्षा से जुड़े प्रयासों को आगे बढ़ाने की पहल के रूप में पेश किया गया है। इन सेवाओं का उद्देश्य छेड़छाड़ और उत्पीड़न जैसी घटनाओं को रोकने, जरूरत के समय पुलिस की सहायता तक पहुंच बेहतर बनाने और महिलाओं में सुरक्षा के प्रति विश्वास बढ़ाने में सहयोग करना है।
बाल विवाह के खिलाफ जागरूकता बढ़ाने पर भी जोर
महिला सुरक्षा केवल अपराधों पर रोक लगाने तक सीमित नहीं है, बल्कि महिलाओं और बालिकाओं को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करना भी इसका अहम हिस्सा है। पश्चिम मेदिनीपुर पुलिस की इस पहल के जरिए बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ जागरूकता फैलाने का संदेश भी दिया गया। इसका उद्देश्य महिलाओं और बालिकाओं के लिए ऐसा सामाजिक वातावरण तैयार करना है, जहां वे अधिक सुरक्षित महसूस कर सकें और जरूरत पड़ने पर पुलिस की मदद ले सकें।
मां दुर्गा की शक्ति से महिला सशक्तिकरण का संदेश
दुर्गा पूजा को शक्ति, साहस और बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक माना जाता है। ऐसे में मां दुर्गा की आराधना के अवसर पर महिला सुरक्षा से जुड़ी सेवाओं की शुरुआत का विशेष महत्व है। मां दुर्गा की शक्ति और अन्याय के खिलाफ संघर्ष की भावना को केंद्र में रखकर यह पहल महिलाओं के सम्मान, आत्मविश्वास और सुरक्षा का संदेश देती है। यह समाज को भी याद दिलाती है कि महिलाओं की सुरक्षा केवल पुलिस की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की सामूहिक जवाबदेही है।
पूजा समारोह में शामिल हुए अतिथि, सहयोगियों को दिए गए उपहार
पुलिस लाइन्स हाउसिंग कॉम्प्लेक्स में स्थापित मां दुर्गा की प्रतिमा के समक्ष पारंपरिक उत्साह के साथ पूजा समारोह का शुभारंभ हुआ। इस दौरान पुलिस अधीक्षक पापिया सुल्ताना ने फीता काटकर कार्यक्रम का उद्घाटन किया। उन्होंने सांसद जून मालिया को पौधा भेंट किया, जो पर्यावरण संरक्षण और हरियाली को बढ़ावा देने का प्रतीक रहा। कार्यक्रम में सिविक वॉलंटियर्स और अन्य सहयोगियों को पूजा के उपहार भी दिए गए। पुलिस परिवार के सदस्यों और अतिथियों की मौजूदगी ने आयोजन को उत्सवपूर्ण बना दिया।
नियमित संचालन और त्वरित सहायता से मिलेगी पहल को मजबूती
पश्चिम मेदिनीपुर जिला पुलिस की ‘दुर्गा वाहिनी’ और ‘पिंक मोबाइल’ सेवा की शुरुआत महिला सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्धता का संदेश देती है। हालांकि, इन पहलों की प्रभावशीलता नियमित संचालन, जरूरत के समय त्वरित पुलिस सहायता और व्यापक जन-जागरूकता पर निर्भर करेगी। दुर्गा पूजा के अवसर पर शुरू की गई यह पहल महिलाओं के सम्मान और सुरक्षित भविष्य की दिशा में एक सकारात्मक कदम है।