नई दिल्ली। रसोई में रोज इस्तेमाल होने वाली हल्दी अब सेहत के लिए खतरा बनती जा रही है। हाल ही में मध्य प्रदेश के खरगोन जिले में हल्दी रस्म के दौरान दुल्हन की तबीयत बिगड़ने और इलाज के दौरान मौत होने की खबर ने लोगों को झकझोर दिया।मीडिया रिपोर्ट्स में आशंका जताई गई कि घटना मिलावटी हल्दी के इस्तेमाल से जुड़ी हो सकती है। इसके बाद से लोग बाजार में बिक रही हल्दी की शुद्धता को लेकर चिंतित हैं। हल्दी को आयुर्वेद में औषधीय गुणों वाला मसाला माना जाता है, लेकिन अगर इसमें केमिकल या रंग की मिलावट हो, तो यह गंभीर एलर्जी और स्वास्थ्य समस्याओं का कारण बन सकती है। ऐसे में असली और नकली हल्दी की पहचान करना बेहद जरूरी हो गया है।
1. पानी टेस्ट से करें पहचान
हल्दी की शुद्धता जांचने का सबसे आसान तरीका पानी टेस्ट है।
एक गिलास साफ पानी में थोड़ी हल्दी डालें।
असली हल्दी धीरे-धीरे नीचे बैठ जाती है और पानी का रंग ज्यादा नहीं बदलता।
नकली हल्दी तुरंत पानी को गहरा पीला या नारंगी कर देती है।
यह इस बात का संकेत हो सकता है कि उसमें कृत्रिम रंग मिलाया गया है।
2. रंग देखकर पहचानें
असली हल्दी का रंग हल्का और प्राकृतिक पीला होता है। वहीं मिलावटी हल्दी अक्सर बहुत ज्यादा चमकीली या गहरे पीले रंग की दिखाई देती है। इसमें केमिकल डाई मिलाई जा सकती है।
3. हथेली पर रगड़कर देखें
थोड़ी हल्दी हाथ पर रगड़ें।
असली हल्दी हल्का पीला निशान छोड़ती है, जो आसानी से साफ हो जाता है।
नकली हल्दी गहरा और चिपचिपा रंग छोड़ सकती है।
4. आयोडीन टेस्ट भी है असरदार
अगर हल्दी में स्टार्च या दूसरी मिलावट है, तो आयोडीन डालने पर उसका रंग नीला या काला पड़ सकता है। यह तरीका घर पर भी आसानी से अपनाया जा सकता है।
5. खुशबू से भी पहचान संभव
असली हल्दी में मिट्टी जैसी हल्की प्राकृतिक खुशबू होती है। जबकि मिलावटी हल्दी में तेज केमिकल जैसी गंध आ सकती है।
मिलावटी हल्दी क्यों खतरनाक?
विशेषज्ञों के मुताबिक, नकली हल्दी में मेटानिल येलो और अन्य कृत्रिम रंग मिलाए जाते हैं, जो शरीर के लिए नुकसानदायक हो सकते हैं। इससे एलर्जी, त्वचा संबंधी समस्या, पेट की दिक्कत और गंभीर मामलों में शरीर पर जहरीला असर भी हो सकता है।
खरीदते समय रखें इन बातों का ध्यान
भरोसेमंद ब्रांड की हल्दी खरीदें
बहुत ज्यादा चमकीले रंग वाली हल्दी से बचें
पैकेट पर FSSAI मार्क जरूर देखें
खुली हल्दी खरीदते समय सावधानी बरतें