मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आज नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित भारत टेक्स-2026 में हिस्सा लेकर देश-विदेश के निवेशकों और उद्योगपतियों से संवाद करेंगे। इस दौरान मध्यप्रदेश को टेक्सटाइल, गारमेंट और फुटवियर सेक्टर में निवेश के लिए सबसे आकर्षक गंतव्य के रूप में प्रस्तुत किया जाएगा। भारत सरकार के सहयोग से आयोजित देश के सबसे बड़े टेक्सटाइल आयोजन भारत टेक्स-2026 में मध्यप्रदेश की औद्योगिक संभावनाओं को वैश्विक मंच मिलेगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव इस प्रतिष्ठित कार्यक्रम में शामिल होकर निवेशकों, उद्योगपतियों और अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के प्रतिनिधियों से मुलाकात करेंगे। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य मध्यप्रदेश में टेक्सटाइल, गारमेंट और फुटवियर उद्योगों में निवेश बढ़ाना तथा राज्य को राष्ट्रीय और वैश्विक स्तर पर टेक्सटाइल मैन्युफैक्चरिंग हब के रूप में स्थापित करना है।
भारत मंडपम में होगा निवेश और उद्योग संवाद
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित भारत टेक्स-2026 का अवलोकन करेंगे। वे यहां स्थापित मध्यप्रदेश पवेलियन का निरीक्षण भी करेंगे, जहां राज्य की औद्योगिक क्षमता, निवेश-अनुकूल नीतियां, टेक्सटाइल इंफ्रास्ट्रक्चर और नई परियोजनाओं का प्रदर्शन किया जाएगा। इस पवेलियन के माध्यम से निवेशकों को यह बताया जाएगा कि मध्यप्रदेश किस तरह टेक्सटाइल उद्योग के लिए सबसे बेहतर विकल्प बनकर उभर रहा है।
टेक्सटाइल और गारमेंट सेक्टर के दिग्गजों के साथ होगी राउंड टेबल बैठक
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री टेक्सटाइल एवं गारमेंट क्षेत्र के प्रमुख उद्योगपतियों के साथ आयोजित राउंड टेबल चर्चा में भाग लेंगे। इस बैठक में देश-विदेश की अग्रणी कंपनियों के प्रतिनिधि, उद्योग संगठन और निवेशक शामिल होंगे। केंद्रीय वस्त्र मंत्री गिरिराज सिंह भी इस राउंड टेबल को संबोधित करेंगे। बैठक में मध्यप्रदेश के टेक्सटाइल एवं गारमेंट इकोसिस्टम, निवेश की संभावनाओं, निर्यात संवर्धन, वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मकता, सतत विनिर्माण (सस्टेनेबल मैन्युफैक्चरिंग), लॉजिस्टिक्स, स्किल डेवलपमेंट और उद्योगों के लिए उपलब्ध सुविधाओं पर विस्तार से चर्चा होगी। इस सत्र में 100 से अधिक उद्योगपति, निवेशक और उद्योग संगठनों के प्रतिनिधि भाग लेंगे।
वन-टू-वन बैठकों में निवेश प्रस्तावों पर होगी चर्चा
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव देश और विदेश की प्रमुख टेक्सटाइल एवं गारमेंट कंपनियों के प्रतिनिधियों के साथ व्यक्तिगत (वन-टू-वन) बैठकें भी करेंगे। इन बैठकों में संभावित निवेश परियोजनाओं, नए उद्योगों की स्थापना, उत्पादन इकाइयों के विस्तार और रोजगार सृजन जैसे विषयों पर चर्चा होगी। सरकार का उद्देश्य इन बैठकों के माध्यम से बड़े निवेश प्रस्तावों को मध्यप्रदेश की ओर आकर्षित करना है।
'मध्यप्रदेश में निवेश के अवसर' विषय पर करेंगे संबोधन
मुख्यमंत्री होटल द लीला में आयोजित "मध्यप्रदेश में निवेश के अवसर" विषयक इंटरैक्टिव सत्र को भी संबोधित करेंगे। इस दौरान वे उद्योग जगत को राज्य की नई औद्योगिक नीति, निवेशकों के लिए सिंगल विंडो सिस्टम, तेज़ अनुमोदन प्रक्रिया, बेहतर कनेक्टिविटी, भूमि उपलब्धता और औद्योगिक प्रोत्साहन योजनाओं की जानकारी देंगे। यह सत्र निवेशकों और सरकार के बीच सीधा संवाद स्थापित करने का महत्वपूर्ण मंच होगा।
मध्यप्रदेश की सबसे बड़ी ताकत है संपूर्ण टेक्सटाइल वैल्यू चेन
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि मध्यप्रदेश देश के उन चुनिंदा राज्यों में शामिल है जहां कपास उत्पादन से लेकर स्पिनिंग, वीविंग, निटिंग, डाइंग, प्रोसेसिंग, फिनिशिंग और गारमेंट निर्माण तक पूरी टेक्सटाइल वैल्यू चेन उपलब्ध है। यही विशेषता राज्य को टेक्सटाइल उद्योग के लिए सबसे उपयुक्त निवेश स्थल बनाती है। राज्य में विकसित हो रहे औद्योगिक क्लस्टर, आधुनिक आधारभूत संरचना और बेहतर परिवहन सुविधाएं भी निवेशकों को आकर्षित कर रही हैं। सरकार का लक्ष्य टेक्सटाइल क्षेत्र में बड़े निवेश के माध्यम से रोजगार के नए अवसर पैदा करना और निर्यात क्षमता को बढ़ाना है।
धार का पीएम मित्र पार्क बनेगा वैश्विक निवेश का केंद्र
धार जिले में विकसित हो रहा पीएम मित्र (PM MITRA) पार्क मध्यप्रदेश की सबसे महत्वाकांक्षी औद्योगिक परियोजनाओं में से एक है। यह पार्क टेक्सटाइल उद्योग के लिए विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराएगा और वैश्विक कंपनियों को एकीकृत मैन्युफैक्चरिंग इकोसिस्टम प्रदान करेगा। सरकार का मानना है कि पीएम मित्र पार्क के विकसित होने के बाद राज्य में बड़े पैमाने पर घरेलू और विदेशी निवेश आएगा, जिससे हजारों लोगों को रोजगार मिलेगा और मध्यप्रदेश देश के प्रमुख टेक्सटाइल निर्यातक राज्यों में शामिल हो सकेगा।
निवेशकों को बताई जाएंगी औद्योगिक प्रोत्साहन योजनाएं
भारत टेक्स-2026 के दौरान निवेशकों को टेक्सटाइल, गारमेंट और फुटवियर उद्योगों के लिए उपलब्ध विभिन्न औद्योगिक प्रोत्साहनों, कर रियायतों, वित्तीय सहायता, भूमि आवंटन, बिजली सुविधाओं और निवेश-अनुकूल नीतियों की विस्तृत जानकारी भी दी जाएगी। राज्य सरकार का प्रयास है कि अधिक से अधिक राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय कंपनियां मध्यप्रदेश में अपनी उत्पादन इकाइयां स्थापित करें।
मध्यप्रदेश को टेक्सटाइल निवेश का ग्लोबल डेस्टिनेशन बनाने की दिशा में बड़ा कदम
भारत टेक्स-2026 में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की भागीदारी को मध्यप्रदेश के औद्योगिक विकास के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। निवेशकों के साथ संवाद, राउंड टेबल बैठकें और वन-टू-वन चर्चाएं राज्य में नए निवेश, रोजगार और आर्थिक विकास के नए रास्ते खोल सकती हैं। सरकार का लक्ष्य मध्यप्रदेश को टेक्सटाइल, गारमेंट और फुटवियर उद्योग का अग्रणी केंद्र बनाना है।