भोपाल | मध्यप्रदेश बीजेपी में संगठनात्मक हलचल तेज हो गई है। प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने वरिष्ठ बीजेपी नेता डॉ. नरोत्तम मिश्रा से मुलाकात की है। दोनों नेताओं के बीच करीब 30 मिनट तक बातचीत हुई। इस मुलाकात के बाद नरोत्तम मिश्रा को संगठन में कोई बड़ी जिम्मेदारी दिए जाने की अटकलें लगाई जा रही हैं। हालांकि, फिलहाल किसी नई जिम्मेदारी को लेकर आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।
BJP कोर ग्रुप की बैठक को लेकर क्यों बढ़ी हलचल?
जानकारी के मुताबिक, बीजेपी कोर ग्रुप की सूची में नाम होने के बावजूद डॉ. नरोत्तम मिश्रा को बैठक की सूचना नहीं मिल पाई थी। इस घटनाक्रम के बाद प्रदेश की राजनीति में चर्चाएं शुरू हो गईं और संगठन के भीतर की स्थिति को लेकर सवाल उठने लगे। इसी बीच प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने नरोत्तम मिश्रा से मुलाकात की। बताया गया कि दोनों नेताओं के बीच संगठन से जुड़े मुद्दों पर चर्चा हुई।
हेमंत खंडेलवाल ने बैठक की सूचना नहीं मिलने पर दी सफाई
मुलाकात के दौरान सामने आई जानकारी के अनुसार, हेमंत खंडेलवाल ने स्पष्ट किया कि कोर ग्रुप की सूची में नाम होने के बावजूद नरोत्तम मिश्रा तक बैठक की सूचना नहीं पहुंच सकी थी। इस स्पष्टीकरण के बाद राजनीतिक गलियारों में मुलाकात के मायने निकाले जा रहे हैं। हालांकि, बैठक की सूचना नहीं मिलने के कारणों और आगे की संगठनात्मक रणनीति को लेकर विस्तृत आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है।
क्या नरोत्तम मिश्रा को मिलेगी बड़ी जिम्मेदारी?
हेमंत खंडेलवाल और नरोत्तम मिश्रा की मुलाकात के बाद यह चर्चा तेज है कि पार्टी उन्हें संगठन में कोई अहम भूमिका दे सकती है। दोनों नेताओं के बीच करीब आधे घंटे तक हुई बातचीत को इसी नजरिए से देखा जा रहा है।
हालांकि, नरोत्तम मिश्रा को नई जिम्मेदारी मिलने की फिलहाल पुष्टि नहीं हुई है। इस संबंध में पार्टी की ओर से आधिकारिक घोषणा होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी। फिलहाल नजरें बीजेपी के अगले कदम पर हैं। कोर ग्रुप की बैठक को लेकर पैदा हुई चर्चा के बीच प्रदेश अध्यक्ष और वरिष्ठ नेता की मुलाकात ने मध्यप्रदेश बीजेपी की राजनीति में नई अटकलों को जन्म दिया है।