मध्यप्रदेश में राज्यसभा की तीन सीटों और दतिया विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है। चुनाव आयोग अगले सप्ताह इन चुनावों की अधिसूचना जारी कर सकता है। सूत्रों के मुताबिक 26 मई के बाद किसी भी समय आधिकारिक नोटिफिकेशन जारी होने की संभावना है।
राज्यसभा में भाजपा के सुमेर सिंह सोलंकी और केंद्रीय मंत्री जॉर्ज कुरियन का कार्यकाल जून में समाप्त हो रहा है। वहीं कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह का कार्यकाल भी इसी अवधि में खत्म होने जा रहा है।
संख्या बल के आधार पर फिलहाल दो सीटें भाजपा और एक सीट कांग्रेस के खाते में जाती दिखाई दे रही है, लेकिन भाजपा तीसरी सीट पर भी जीत हासिल करने की रणनीति बना रही है। पार्टी को उम्मीद है कि कांग्रेस के भीतर चल रही खींचतान का फायदा उसे मिल सकता है।
दतिया उपचुनाव को लेकर बढ़ी राजनीतिक गतिविधियां
दतिया विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव को लेकर भी दोनों प्रमुख दलों ने तैयारियां तेज कर दी हैं। दरअसल, बैंक धोखाधड़ी के 28 साल पुराने मामले में दिल्ली की अदालत से सजा मिलने के बाद मध्य प्रदेश विधानसभा सचिवालय ने राजेंद्र भारती की सदस्यता रद्द कर दी थी, जिसके बाद दतिया सीट रिक्त घोषित की गई। इसके बाद से ही उपचुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं।
ईवीएम जांच प्रक्रिया 25 मई से शुरू
चुनाव आयोग ने उपचुनाव की तैयारियां तेज कर दी हैं। पारदर्शी मतदान प्रक्रिया सुनिश्चित करने के लिए दतिया कलेक्टर ने सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों को 25 मई से शुरू होने वाली ईवीएम जांच प्रक्रिया में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया है।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय द्वारा इस संबंध में दतिया कलेक्टर को पत्र जारी कर तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। अधिसूचना जारी होने के साथ ही चुनाव कार्यक्रम और नामांकन प्रक्रिया की आधिकारिक घोषणा भी कर दी जाएगी।
आचार संहिता होगी लागू
जिस दिन उपचुनाव की अधिसूचना जारी होगी, उसी दिन दतिया विधानसभा क्षेत्र में आदर्श आचार संहिता प्रभावी हो जाएगी।
हाल ही में नरोत्तम मिश्रा और विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर के बीच हुई बंद कमरे की मुलाकात ने भी राज्य की राजनीति में नई चर्चाओं को जन्म दे दिया है।