अहमदनगर: महाराष्ट्र के अहमदनगर और अकोला शहर में हुई हिंसा (Maharashtra Violence) के कारण तनाव बना हुआ है। अहमदनगर के शहर शेवगांव में दो पक्षों के बीच पथराव की घटना सामने आई है। वहीं, अकोला में एक मामूली विवाद को लेकर दो गुटों के बीच हिंसक झड़प हुई है।
पुलिस को करना पड़ा लाठीचार्ज
दोनों ही घटनाओं में स्थिति को काबू करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा। इस हिंसा झड़पों में कई लोगों के घायल होने की सूचना मिली है। वहीं, झड़प में शामिल आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
इस विवाद पर भड़की हिंसा
14 मई की रात को अहमदनगर के शेवगांव (Maharashtra Violence) में दो पक्षों के बीच पथराव हुआ। दरअसल, छत्रपति संभाजी महाराज जयंती के अवसर पर रात 8 बजे शोभायात्रा निकाली गई थी, तभी अचानक एक समूह ने पथराव कर दिया। दूसरे समूह के मुताबिक, पहले धार्मिक स्थल पर पथराव किया गया, जिसके जवाब में जुलूस पर पथराव किया। इसको लेकर दोनों पक्षों में पथराव होना शुरू हो गया।
102 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज
अफरातफरी के बीच लोगों को अपनी दुकानें बंद करनी पड़ी। वहीं, भीड़ ने तोड़फोड़ की और कुछ दुकानों पर भी हमला किया। स्थिति को काबू में करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा। इस मामले में अब तक 102 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। राज्य रिजर्व पुलिस बल की 2 यूनिट इस समय शेवगांव में तैनात हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
हिंसा में 1 व्यक्ति की मौत
13 मई को अकोला में एक मामूली विवाद को लेकर दो गुटों के बीच हिंसक झड़प हुई। इस हिंसा में एक व्यक्ति की मौत हो गई है, वहीं तीन अन्य घायल है। न्यूज एजेंसी एएनआई की रिपोर्ट के मुताबिक, हिंसक घटना के बाद भारी भीड़ ने ओल्ड सिटी पुलिस स्टेशन के बाहर मार्च निकाला। हालात को देखते हुए इस समय अकोला में धारा 144 निषेधाज्ञा लागू कर दी गई। इंटरनेट पर भी प्रतिबंध लगया गया है।
पुलिस ने छोड़े आंसू गैस के गोले
मिली जानकारी के अनुसार, इंस्टाग्राम पर एक विवादित पोस्ट (Maharashtra Violence) को लेकर कई लोग पुलिस थाने पहुंचे थे और शिकायत दर्ज कराई। इसी बीच पुलिस स्टेशन पर भीड़ बेकाबू हो गई और वहां मौजूद वाहनों की तोड़फोड़ करने लगे। देखते ही देखते एक और समुदाय के लोग सामने आ गए और पथराव शुरू कर दिया। दोनों पक्षों के बीच जमकर झड़प हुई। पुलिस ने हालात को काबू में करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े।
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