अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते तनाव और युद्ध जैसी स्थिति के बीच ऊर्जा संकट गहराने लगा है। इसी को देखते हुए केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने जनता से पेट्रोल और डीजल की खपत कम करने की स्वैच्छिक अपील की है।
“कम से कम करें ईंधन का इस्तेमाल”
बीकानेर में पत्रकारों से बातचीत के दौरान केंद्रीय मंत्री ने कहा कि खाड़ी संघर्ष के चलते अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हालात गंभीर बने हुए हैं। उन्होंने कहा कि जब तक यह संकट जारी रहता है, तब तक लोगों को पेट्रोल और डीजल का कम से कम उपयोग करने का प्रयास करना चाहिए।
उन्होंने बताया कि यह केवल सरकार की नहीं बल्कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की भी अपील है, ताकि देश ऊर्जा संकट की स्थिति से बेहतर तरीके से निपट सके।
पीएम के छोटे काफिले की सराहना
Sanjay Saraogi ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सीमित काफिले के फैसले की सराहना की। उन्होंने कहा कि कई देशों में पेट्रोल-डीजल की कीमतों में भारी बढ़ोतरी हुई है, लेकिन भारत सरकार लगातार लोगों पर अतिरिक्त बोझ कम करने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री खुद उदाहरण पेश करते हुए केवल दो गाड़ियों के काफिले के साथ यात्रा कर रहे हैं।
इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने पर जोर
संजय सरावगी ने कहा कि सरकार इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार ने ईवी नीति को मंजूरी दे दी है, जिसका उद्देश्य लोगों को इलेक्ट्रिक वाहनों की ओर प्रोत्साहित करना है।
यूएई दौरे पर भी ऊर्जा सुरक्षा पर फोकस
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का यूएई दौरा भी ऊर्जा सुरक्षा के लिहाज से अहम माना जा रहा है। इस दौरान कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है।
NEET मामले पर विपक्ष पर हमला
नीट यूजी मामले को लेकर भी भाजपा नेताओं ने विपक्ष पर निशाना साधा। संजय सरावगी ने कहा कि केंद्र सरकार ने परीक्षा रद्द कर जांच CBI को सौंप दी है और एजेंसी लगातार कार्रवाई कर रही है। वहीं बिहार सरकार में मंत्री Ram Kripal Yadav ने कहा कि नीट अनियमितताओं में शामिल पांच लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है और भविष्य में ऐसी घटनाएं रोकने के लिए सख्त कदम उठाए जाएंगे।