केंद्र सरकार ने गुजरात के धोलेरा में देश के पहले सेमीकंडक्टर निर्माण संयंत्र की स्थापना के लिए अहम कदम उठाया है। Tata Semiconductor Manufacturing Private Limited द्वारा प्रस्तावित विशेष आर्थिक क्षेत्र (SEZ) को मंजूरी दे दी गई है।
66 हेक्टेयर में फैलेगा प्रोजेक्ट
यह परियोजना करीब 66.166 हेक्टेयर क्षेत्र में विकसित की जाएगी। अनुमान है कि इससे लगभग 21,000 लोगों को रोजगार मिलेगा।
इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी सेक्टर को बढ़ावा
यह संयंत्र इलेक्ट्रॉनिक हार्डवेयर, सॉफ्टवेयर और आईटी/आईटीईएस सेवाओं को सपोर्ट करेगा। साथ ही आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर और बेहतर लॉजिस्टिक्स सुविधाएं भी विकसित की जाएंगी।
देश का पहला सेमीकंडक्टर फैब प्लांट
यह प्रोजेक्ट भारत का पहला सेमीकंडक्टर फैब्रिकेशन प्लांट होगा, जो देश को वैश्विक इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग में नई पहचान दिला सकता है।
SEZ नियमों में बदलाव से मिला बढ़ावा
सरकार ने सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर को बढ़ावा देने के लिए SEZ नियमों में कई अहम बदलाव किए हैं, जिससे निवेश को आकर्षित करने में मदद मिली है।
निवेश और कारोबार के लिए आसान माहौल
नए नियमों में जमीन उपयोग में लचीलापन, घरेलू बाजार में बिक्री की अनुमति और नेट फॉरेन एक्सचेंज से जुड़े प्रावधान शामिल हैं, जिससे कारोबार को आसान बनाया गया है।
अन्य प्रोजेक्ट्स को भी मंजूरी
Micron Technology के साणंद में प्रस्तावित सेमीकंडक्टर प्रोजेक्ट समेत कई अन्य बड़े प्रोजेक्ट्स को भी मंजूरी दी गई है।
सप्लाई चेन होगी मजबूत
इस पहल से देश में सप्लाई चेन को मजबूती मिलेगी, रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और आयात पर निर्भरता कम होगी।
वैश्विक हब बनने की दिशा में कदम
सरकार का लक्ष्य इन परियोजनाओं के जरिए भारत को वैश्विक सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग हब के रूप में स्थापित करना है।