कोलकाता: तृणमूल कांग्रेस ने जारी की प्रमुख पदाधिकारियों की सूची पश्चिम बंगाल की सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने अपने संगठनात्मक ढांचे को और मजबूत करने के उद्देश्य से प्रमुख पदाधिकारियों और उनकी जिम्मेदारियों की विस्तृत सूची जारी की है। पार्टी सुप्रीमो ममता बनर्जी के नेतृत्व में संगठन के विभिन्न स्तरों पर जिम्मेदारियों का स्पष्ट बंटवारा किया गया है, जिससे पार्टी की गतिविधियों और जनसंपर्क कार्यक्रमों को और अधिक प्रभावी बनाया जा सके।
ममता बनर्जी के हाथों में सर्वोच्च जिम्मेदारी
टीएमसी की अखिल भारतीय अध्यक्ष के रूप में ममता बनर्जी पार्टी का नेतृत्व करती रहेंगी। वहीं, जिला अध्यक्षों के चयन की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी भी उनके पास ही रखी गई है। पार्टी नेतृत्व का मानना है कि इससे संगठन पर केंद्रीय नियंत्रण मजबूत रहेगा और जमीनी स्तर पर बेहतर समन्वय स्थापित होगा।
अभिषेक बनर्जी बने रहेंगे अखिल भारतीय महासचिव
पार्टी के राष्ट्रीय स्तर के संगठनात्मक कार्यों की जिम्मेदारी अभिषेक बनर्जी के पास रहेगी। उन्हें अखिल भारतीय महासचिव के पद पर बरकरार रखा गया है। संगठन विस्तार और राजनीतिक रणनीति में उनकी भूमिका पहले की तरह महत्वपूर्ण बनी रहेगी।
राष्ट्रीय और राज्य स्तर पर जिम्मेदारियों का बंटवारा
टीएमसी ने डोला सेन और डेरेक ओ'ब्रायन को अखिल भारतीय संयुक्त महासचिव की जिम्मेदारी सौंपी है। वहीं, राष्ट्रीय प्रवक्ता के रूप में कल्याण बनर्जी और डेरेक ओ'ब्रायन पार्टी का पक्ष रखेंगे। राज्य स्तर पर चंद्रिमा भट्टाचार्य को प्रदेश अध्यक्ष बनाया गया है, जबकि कुणाल घोष प्रदेश प्रवक्ता की भूमिका निभाएंगे।
युवा, महिला और छात्र संगठनों को मिला नेतृत्व
पार्टी ने अपने सहयोगी संगठनों के नेतृत्व की भी घोषणा की है। सयानी घोष को युवा तृणमूल कांग्रेस की अध्यक्ष बनाया गया है। महिला तृणमूल कांग्रेस की कमान माला रॉय को सौंपी गई है, जबकि तृणमूल छात्र परिषद (टीएमसीपी) की अध्यक्ष प्रियंका अधिकारी होंगी।
विभिन्न प्रकोष्ठों के लिए भी तय किए गए प्रभारी
इंडियन नेशनल तृणमूल ट्रेड यूनियन कांग्रेस (आईएनटीटीयूसी) के प्रदेश अध्यक्ष के रूप में मलय घटक को जिम्मेदारी दी गई है। हॉकर्स संगठन की देखरेख मदन मित्रा करेंगे, जबकि पार्टी के विधि प्रकोष्ठ (लीगल सेल) की जिम्मेदारी बिमान बनर्जी को सौंपी गई है।
संगठन को और मजबूत करने पर फोकस
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि आगामी राजनीतिक चुनौतियों और संगठन विस्तार को ध्यान में रखते हुए टीएमसी ने जिम्मेदारियों का यह स्पष्ट विभाजन किया है। पार्टी नेतृत्व का उद्देश्य विभिन्न मोर्चों पर समन्वित तरीके से काम करते हुए संगठन को जमीनी स्तर तक और मजबूत बनाना है।