कोलकाता: कोलकाता के नीलरतन सरकार मेडिकल कॉलेज (NRS) में एक महिला कर्मचारी की रहस्यमयी परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। मृतका की पहचान रूपाली के तौर पर हुई है। उनका शव अस्पताल के कर्मचारियों द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले शौचालय से बरामद किया गया। पुलिस ने फिलहाल रहस्यमयी मौत का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मौके से फेंटानिल की तीन शीशियां बरामद
पुलिस के मुताबिक घटनास्थल से फेंटानिल की तीन शीशियां बरामद हुई हैं। प्रत्येक शीशी में 2 मिलीलीटर दवा थी और सभी शीशियां अस्पताल की बताई जा रही हैं। रूपाली के बाएं हाथ पर सुई चुभने के निशान भी मिले हैं। शरीर के अन्य हिस्सों पर भी इंजेक्शन के निशान थे या नहीं, इसकी जांच पोस्टमार्टम के जरिए की जा रही है।
मोबाइल फोन और CCTV फुटेज पुलिस के कब्जे में
मामले की जांच के दौरान पुलिस ने रूपाली का मोबाइल फोन जब्त कर लिया है। साथ ही जिस मंजिल पर शव मिला, वहां लगे पूरे फ्लोर के CCTV फुटेज भी कब्जे में लिए गए हैं। पुलिस ने सुरक्षा गार्ड, नर्सों और डॉक्टरों समेत अस्पताल में मौजूद कर्मचारियों से पूछताछ शुरू कर दी है।
शादी और पारिवारिक पहलू की भी जांच
रूपाली ने 24 जुलाई 2024 से NRS मेडिकल कॉलेज में काम शुरू किया था। बताया जा रहा है कि करीब दो साल पहले उनके पति राजू से परिचय हुआ था, जिसके बाद दोनों ने प्रेम विवाह किया। पिछले साल हिंदू रीति-रिवाज से भी शादी हुई थी। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि परिवार में किसी तरह का विवाद, दहेज को लेकर दबाव या कोई अन्य कारण तो नहीं था। हालांकि, अभी तक इनमें से किसी पहलू की पुष्टि नहीं हुई है।
फेंटानिल के इस्तेमाल को लेकर भी जांच
फेंटानिल एक शक्तिशाली दवा है, जिसका इस्तेमाल अस्पतालों में दर्द से राहत और मरीजों को शांत या नींद में लाने के लिए निर्धारित मात्रा में किया जाता है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि रूपाली के शरीर में इतनी मात्रा में फेंटानिल कैसे पहुंचा। वह नियमित रूप से इसका इस्तेमाल करती थीं या यह किसी अन्य परिस्थिति में हुआ, इसका खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही होगा।
परिवार की ओर से अभी शिकायत नहीं
पुलिस के अनुसार, फिलहाल एंटाली थाने में परिवार की ओर से कोई लिखित शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि फेंटानिल का इस्तेमाल गलती से हुआ या जानबूझकर। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के बाद मौत की वास्तविक वजह सामने आने की उम्मीद है।