नंदीग्राम: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के पहले चरण के दौरान आज नंदीग्राम में हाई-वोल्टेज चुनावी माहौल देखने को मिला। भाजपा के कद्दावर नेता और नंदीग्राम से उम्मीदवार शुभेंदु अधिकारी ने सुबह-सुबह अपने मताधिकार का प्रयोग किया। इस दौरान उन्होंने केवल एक ही संदेश दिया- "परिवर्तन चाहिए, परिवर्तन लाएं।"
ई-रिक्शा से पहुंचे बूथ, की जनसंपर्क की कोशिश
सुबह करीब 8:30 बजे शुभेंदु अपने आवास 'शान्तिकुंज' से बाहर निकले। खास बात यह रही कि उन्होंने अपनी गाड़ी का उपयोग न करते हुए एक ई-रिक्शा (टोटो) का सहारा लिया। मतदान केंद्र जाने के रास्ते में उन्होंने स्थानीय लोगों से बातचीत की और हिंदुओं से एकजुट रहने का आह्वान किया। इसके बाद वे नंदनयाकबाड़ प्राथमिक विद्यालय स्थित अपने बूथ पर पहुंचे और वोट डाला।
सुरक्षा बलों की तारीफ, गुंडों को दी चेतावनी
मतदान के बाद पत्रकारों से बात करते हुए शुभेंदु ने चुनाव आयोग और केंद्रीय सुरक्षा बलों के कामकाज पर संतोष जताया। उन्होंने कहा, "वोटिंग से पहली रात बहुत महत्वपूर्ण होती है। जिस तरह से आयोग और बलों ने काम किया है, वे धन्यवाद के पात्र हैं।" उन्होंने कड़े शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि वे "सुबह के वक्त गुंडों को सड़कों पर रहने नहीं देंगे।"
पिंगला OC को सस्पेंड करने की मांग
शांतिपूर्ण मतदान के दावों के बीच शुभेंदु अधिकारी ने कुछ गंभीर आरोप भी लगाए। उन्होंने आरोप लगाया कि नंदीग्राम के दो गांवों में हिंदुओं को वोट देने से रोकने की कोशिश की गई। इसके अलावा, उन्होंने पिंगला के OC चिन्मय प्रमाणिक पर भाजपा के पोलिंग एजेंट को जबरन उठाने का आरोप लगाते हुए उन्हें तुरंत सस्पेंड करने की मांग की। अधिकारी ने कहा, "हमारे एजेंट को उठा लिया गया है, इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मैंने चुनाव आयोग और पुलिस ऑब्जर्वर से इस बारे में बात की है।" फिलहाल, मतदान के बाद शुभेंदु अपने चुनावी कार्यालय में डटे हुए हैं और कार्यकर्ताओं के साथ स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।