नई दिल्ली। विदेश मंत्रालय (MEA) ने जानकारी दी है कि साल 2025 में अब तक अमेरिका से कुल 3,567 भारतीय नागरिकों को डिपोर्ट किया गया है, जिनमें से 1,076 लोगों को सीधे भारत वापस भेजा गया है। यह कार्रवाई अमेरिका में अवैध प्रवास के खिलाफ चल रहे सख्त अभियान का हिस्सा है, जिसे ट्रंप प्रशासन ने और तेज कर दिया है।
अमेरिका में क्यों चल रही है डिपोर्टेशन कार्रवाई?
अमेरिका इन दिनों अवैध प्रवासियों के खिलाफ बड़े स्तर पर अभियान चला रहा है। इसी के तहत उन लोगों को वापस भेजा जा रहा है जो:
बिना वैध दस्तावेजों के रह रहे हैं
जिनका वीजा एक्सपायर हो चुका है
या जिनकी पहचान और नागरिकता की पुष्टि नहीं हो पाती
MEA के अनुसार, भारत और अमेरिका दोनों इस बात पर सहमत हैं कि अवैध प्रवास के मामलों में कार्रवाई जरूरी है।
भारत ने क्या कहा?
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने बताया कि:
भारत केवल उन्हीं लोगों को वापस लेता है जिनकी भारतीय नागरिकता की पुष्टि हो जाती है
अमेरिकी एजेंसियों द्वारा भेजी गई सूची की गहन जांच की जाती है
यह प्रक्रिया पूरी तरह वेरिफिकेशन के बाद ही पूरी होती है
सरकार का कहना है कि अवैध प्रवास को रोकना अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक सामान्य और जरूरी प्रक्रिया है।
पिछले साल की तुलना में क्या बदला?
2025 में अब तक अमेरिका से कुल 3,567 भारतीयों को वापस भेजा गया है, जो पिछले वर्षों की तुलना में बढ़ी हुई सख्ती को दर्शाता है। वहीं, इनमें से 1,076 लोग सीधे भारत लौटाए गए हैं।
आगे क्या?
विदेश मंत्रालय ने साफ किया है कि भारत और अमेरिका मिलकर अवैध प्रवास रोकने के लिए काम कर रहे हैं। आने वाले महीनों में भी यह कार्रवाई जारी रहने की संभावना है।