राजस्थान में आज से हाईवे पर सफर करने वालों की जेब पर सीधा असर पड़ने वाला है। राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने राज्य के कई प्रमुख राष्ट्रीय राजमार्गों और एक्सप्रेस-वे पर टोल टैक्स की नई दरें लागू कर दी हैं। आधी रात 12 बजे से लागू हुई नई दरों के बाद कार, जीप, टैक्सी, मिनी बस और भारी व्यावसायिक वाहनों के टोल शुल्क में 8% से 12% तक की बढ़ोतरी हुई है। इस बढ़ोतरी का सबसे ज्यादा असर जयपुर-दिल्ली रूट, खाटूश्यामजी जाने वाले श्रद्धालुओं, रोजाना यात्रा करने वाले कम्यूटर्स और ट्रांसपोर्ट कारोबार पर पड़ेगा। अब दिल्ली जाने वाले यात्रियों को पहले से ज्यादा टोल चुकाना होगा, जबकि धार्मिक और व्यावसायिक यात्राएं भी महंगी हो जाएंगी।
राजस्थान में टोल टैक्स क्यों बढ़ाया गया?
राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) हर वर्ष राष्ट्रीय राजमार्गों और एक्सप्रेस-वे पर टोल दरों की समीक्षा करता है। सड़कों के रखरखाव, संचालन लागत, महंगाई दर और इंफ्रास्ट्रक्चर विकास को ध्यान में रखते हुए समय-समय पर टोल शुल्क में संशोधन किया जाता है। इसी वार्षिक पुनरीक्षण के तहत अब राजस्थान के कई प्रमुख टोल प्लाजा पर नई दरें लागू कर दी गई हैं।
जयपुर-दिल्ली जाने वालों को सबसे बड़ा झटका
राजस्थान से दिल्ली आने-जाने वाले लाखों यात्रियों को अब पहले से ज्यादा खर्च करना होगा।
नई टोल दर
| वाहन | पुरानी दर | नई दर | बढ़ोतरी |
|---|---|---|---|
| कार / जीप | ₹375 | ₹395 | ₹20 |
यानी केवल एक तरफ के सफर में ही अतिरिक्त ₹20 खर्च करने होंगे। यदि कोई व्यक्ति नियमित रूप से इस मार्ग पर यात्रा करता है तो महीनेभर में यह अतिरिक्त खर्च काफी बढ़ सकता है।
खाटूश्यामजी दर्शन भी अब पड़ेंगे महंगे
राजस्थान के सबसे प्रसिद्ध धार्मिक स्थलों में शामिल खाटूश्यामजी मंदिर जाने वाले लाखों श्रद्धालुओं पर भी इस फैसले का असर पड़ेगा। जयपुर से चौमूं होते हुए रींगस और खाटूश्यामजी जाने वाले मार्ग पर स्थित टांटियावास टोल प्लाजा पर नई दरें लागू कर दी गई हैं। अब धार्मिक यात्रा पर जाने वाले परिवारों, टैक्सी ऑपरेटरों और टूर वाहनों को पहले से अधिक टोल देना होगा।
इन प्रमुख टोल प्लाजा पर बदली गई दरें
राजस्थान के कई प्रमुख टोल प्लाजा पर नई रेट लिस्ट लागू हो चुकी है।
| टोल प्लाजा | नया कार/जीप टोल |
|---|---|
| मनोहरपुर | ₹95 |
| टांटियावास | ₹80 |
| ठीकरिया | ₹100 |
इसके अलावा नेकावाला, सीतारामपुरा और भागवास चौरासी समेत अन्य टोल प्लाजा पर भी अलग-अलग श्रेणियों के वाहनों के शुल्क में 8% से 12% तक बढ़ोतरी की गई है।
कोटा, बूंदी और एक्सप्रेस-वे पर भी बढ़ा टोल
नई दरें केवल जयपुर क्षेत्र तक सीमित नहीं हैं। NHAI ने-
कोटा-बूंदी मार्ग, देवली-कोटा (NH-52),वडोदरा-मुंबई एक्सप्रेस-वे के कुछ हिस्सों पर भी संशोधित टोल शुल्क लागू कर दिया है। कुछ इंटरचेंज रूट्स पर कार श्रेणी के टोल में 10% तक, जबकि मुख्य एक्सप्रेस-वे सेक्शन पर करीब 7.40% तक बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
सबसे ज्यादा असर किन लोगों पर पड़ेगा?
1. डेली कम्यूटर्स
जो लोग रोजाना जयपुर से आसपास के शहरों या दिल्ली तक नौकरी, व्यापार या पढ़ाई के लिए यात्रा करते हैं, उनका मासिक यात्रा खर्च बढ़ जाएगा।
2. श्रद्धालु
खाटूश्यामजी, अजमेर और अन्य धार्मिक स्थलों पर जाने वाले परिवारों का ट्रैवल बजट भी बढ़ेगा।
3. ट्रांसपोर्टर्स
ट्रक और मालवाहक वाहनों का परिचालन खर्च बढ़ने से लॉजिस्टिक्स सेक्टर पर असर पड़ सकता है।
4. बस और टैक्सी ऑपरेटर
टोल शुल्क बढ़ने के कारण आने वाले दिनों में इंटरसिटी बस और टैक्सी किराए में भी बढ़ोतरी की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।
क्या महंगी हो सकती हैं रोजमर्रा की चीजें?
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि ट्रांसपोर्ट लागत लगातार बढ़ती है, तो इसका असर-
फल-सब्जियां,
दूध,
किराना,
निर्माण सामग्री,
औद्योगिक उत्पाद की ढुलाई पर भी पड़ सकता है। हालांकि इसका वास्तविक प्रभाव बाजार की परिस्थितियों पर निर्भर करेगा।
24 घंटे में लौटने वालों को मिलेगी राहत
टोल शुल्क बढ़ने के बावजूद NHAI ने दो महत्वपूर्ण सुविधाएं जारी रखी हैं।
रिटर्न ट्रिप छूट
यदि कोई वाहन 24 घंटे के भीतर उसी टोल प्लाजा से वापस लौटता है, तो उसे पहले की तरह रियायती दर का लाभ मिलेगा।
स्थानीय Fastag Pass
टोल प्लाजा के 20 किलोमीटर के दायरे में रहने वाले स्थानीय निवासियों के लिए मासिक Fastag Pass की सुविधा भी पहले की तरह जारी रहेगी।
नई टोल दरों का सीधा असर आपकी जेब पर कैसे पड़ेगा?
| प्रभावित वर्ग | असर |
|---|---|
| जयपुर-दिल्ली यात्री | यात्रा खर्च बढ़ेगा |
| खाटूश्यामजी श्रद्धालु | धार्मिक यात्रा महंगी होगी |
| ट्रांसपोर्ट कंपनियां | ऑपरेटिंग कॉस्ट बढ़ेगी |
| टैक्सी व बस ऑपरेटर | किराया बढ़ने की संभावना |
| रोजाना आने-जाने वाले कर्मचारी | मासिक खर्च बढ़ेगा |