खजुराहो - अयोध्या राम मंदिर में चढ़ावे और दान से जुड़े कथित चोरी के मामले को लेकर विवाद लगातार गहराता जा रहा है। विशेष जांच दल (SIT) की जांच और एफआईआर दर्ज होने के बाद अब इस मामले पर बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की भी तीखी प्रतिक्रिया सामने आई है। उन्होंने कहा कि राम मंदिर में श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़ी वस्तुओं की चोरी करने वालों को केवल कानून ही नहीं, बल्कि भगवान का भी कठोर दंड मिलेगा।
रावण ने सीता का हरण किया, इन लोगों ने आस्था की चोरी की
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो में बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री प्रवचन के दौरान इस मुद्दे पर भावुक नजर आए। उन्होंने कहा कि रावण ने माता सीता का हरण किया था, लेकिन राम मंदिर में चोरी करने वालों ने करोड़ों रामभक्तों की आस्था को चोट पहुंचाई है। उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों का अंजाम भी अच्छा नहीं होगा। धीरेंद्र शास्त्री ने कहा, "रावण ने सीता जी की चोरी की थी, उसका सहपरिवार विनाश हुआ। जो करोड़ों लोगों के दान से बने राम मंदिर में चोरी करेगा, उसे सरकारी दंड तो मिलेगा ही, भगवान का महादंड भी मिलेगा। उसे कोई नहीं बचा सकता।"
SIT जांच पर जताया भरोसा
अपने संबोधन में बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि उन्हें जानकारी मिली है कि मामले में एफआईआर दर्ज हो चुकी है और जांच जारी है। उन्होंने उम्मीद जताई कि जांच आगे बढ़ने पर और भी लोगों की भूमिका सामने आएगी। उन्होंने कहा, "अभी जांच और होनी चाहिए। और भी लोग पकड़े जाएंगे। सच कहना हमारा काम है, किसी को बुरा लगे तो लगे।"
चांदी के हार, ईंटें और चरण पादुकाओं पर उठे सवाल
राम मंदिर से जुड़े दान और चढ़ावे के मामले में एसआईटी की जांच के दौरान कई अहम सवाल सामने आए हैं। जांच में मंदिर को दान में मिली चांदी की मालाओं, चांदी की ईंटों और चरण पादुकाओं सहित अन्य बहुमूल्य वस्तुओं के रिकॉर्ड और उनके संरक्षण को लेकर भी पड़ताल की जा रही है। इन्हीं पहलुओं को लेकर जांच एजेंसियां दस्तावेजों और संबंधित लोगों से पूछताछ कर रही हैं।
मामले पर बढ़ी सियासी और सामाजिक हलचल
राम मंदिर से जुड़ा यह मामला अब धार्मिक, सामाजिक और राजनीतिक चर्चा का विषय बन गया है। विभिन्न संतों और धार्मिक संगठनों की ओर से निष्पक्ष जांच की मांग की जा रही है। वहीं प्रशासन का कहना है कि मामले की जांच कानून के दायरे में निष्पक्ष तरीके से की जा रही है और जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।