मध्यप्रदेश में बस से सफर करने वाले यात्रियों के लिए अहम खबर है। राज्य सरकार के परिवहन विभाग ने प्रदेश में संचालित मंजिली बस सेवाओं के लिए नया यात्री किराया निर्धारित कर दिया है। नए किराया आदेश का राजपत्र जारी कर दिया गया है, जिसके बाद प्रदेश में बसों के किराये में संशोधन लागू हो गया है।
नए नियमों के अनुसार अब सामान्य बसों के लिए मूल किराया ₹2 प्रति यात्री प्रति किलोमीटर निर्धारित किया गया है। वहीं, यात्रियों को अब सामान्य बसों में सफर के लिए कम से कम ₹10 का टिकट लेना होगा। सरकार ने अलग-अलग श्रेणी की बसों के लिए किराये की अधिकतम सीमा भी तय की है।
बसों की श्रेणी के हिसाब से बढ़ेगा किराया
परिवहन विभाग द्वारा जारी आदेश के मुताबिक बसों की सुविधाओं और श्रेणी के आधार पर किराये में अलग-अलग बढ़ोतरी निर्धारित की गई है।
रात्रि बस सेवा: सामान्य किराये से 10 प्रतिशत अधिक किराया लिया जा सकेगा।
डीलक्स नॉन-एसी बस: सामान्य किराये से 25 प्रतिशत तक अधिक किराया निर्धारित होगा।
स्लीपर बस: यात्रियों को सामान्य बस किराये से 40 प्रतिशत अधिक भुगतान करना होगा।
डीलक्स एसी बस: किराये में 50 प्रतिशत तक वृद्धि की गई है।
सुपर लग्जरी एसी कोच: सामान्य किराये से 75 प्रतिशत तक अधिक किराया लिया जा सकेगा।
सरकार ने यात्रियों की सुविधा और बस ऑपरेटरों की लागत को ध्यान में रखते हुए यह नई किराया व्यवस्था लागू की है।
एक्सप्रेस बसों में नहीं लगेगा अतिरिक्त शुल्क
नए नियमों में यह भी स्पष्ट किया गया है कि एक्सप्रेस बस सेवाओं के लिए यात्रियों से अलग से कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं लिया जाएगा। इसके अलावा डीलक्स, स्लीपर और लग्जरी बसों में रात के समय यात्रा करने पर अलग से नाइट चार्ज वसूलने की अनुमति नहीं होगी।इससे यात्रियों को टिकट बुकिंग के समय अतिरिक्त शुल्क को लेकर भ्रम की स्थिति से राहत मिलेगी।
बढ़ती लागत के बीच किराया संशोधन
बस किराये में बदलाव का मुख्य उद्देश्य परिवहन सेवाओं की लागत और यात्रियों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं के बीच संतुलन बनाना माना जा रहा है। पिछले कुछ समय में ईंधन की कीमतों, वाहन रखरखाव, कर्मचारियों के वेतन और अन्य खर्चों में बढ़ोतरी के चलते बस संचालक लंबे समय से किराया संशोधन की मांग कर रहे थे।सरकार ने सभी पहलुओं पर विचार करने के बाद नई किराया दरें तय की हैं।
यात्रियों पर पड़ेगा सीधा असर
नए किराया नियम लागू होने के बाद प्रदेश के लाखों यात्रियों को बस यात्रा के लिए पहले की तुलना में अधिक भुगतान करना पड़ सकता है। खासतौर पर लंबी दूरी की यात्रा करने वाले यात्रियों पर इसका अधिक प्रभाव देखने को मिलेगा।हालांकि, सरकार ने किराये में बढ़ोतरी के साथ यह भी सुनिश्चित करने की कोशिश की है कि यात्रियों से अनावश्यक शुल्क न लिया जाए और अलग-अलग बस सेवाओं के लिए स्पष्ट नियम लागू रहें।
परिवहन विभाग की ओर से जारी राजपत्र के बाद नई किराया व्यवस्था को आधिकारिक मंजूरी मिल गई है। अब प्रदेश में संचालित निजी और अन्य मंजिली बस सेवाओं को इन्हीं निर्धारित दरों के अनुसार यात्रियों से किराया लेना होगा।विभाग ने बस संचालकों को नियमों का पालन करने के निर्देश दिए हैं। अधिक किराया वसूली या नियमों के उल्लंघन की शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जा सकती है।