मध्यप्रदेश में स्ट्रॉन्ग मौसम सिस्टम के चलते शुक्रवार को प्रदेश के बड़े हिस्से में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग ने टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, दमोह, उमरिया, जबलपुर, नरसिंहपुर, मंडला, छिंदवाड़ा, सिवनी और बालाघाट में अति भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।वहीं भिंड, दतिया, निवाड़ी, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, मैहर, कटनी, शहडोल, डिंडौरी, अनूपपुर, सागर, रायसेन, नर्मदापुरम, बैतूल और पांढुर्णा में भारी बारिश का अनुमान है। इन जिलों में अगले 24 घंटे के दौरान 4 इंच से ज्यादा बारिश होने की संभावना जताई गई है।
कई संभागों में भी बारिश का असर
भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर, रीवा और सागर संभाग के कुछ जिलों में कहीं तेज तो कहीं हल्की बारिश हो सकती है। मौसम के इस सिस्टम का असर अगले दो दिनों तक ज्यादा रहने की संभावना है।
बरगी बांध के 5 गेट फिर खोले गए
जबलपुर में लगातार बारिश के बीच शुक्रवार शाम 6 बजे बरगी बांध के 5 गेट एक-एक मीटर तक खोले गए। बांध का जलस्तर 422.90 मीटर और पानी की आवक 763 क्यूमेक पहुंचने के बाद जलस्तर नियंत्रित करने के लिए करीब 780 क्यूमेक पानी छोड़ा जा रहा है।पानी छोड़े जाने से नर्मदा के घाटों पर जलस्तर करीब 3 से 4 फीट बढ़ने की संभावना है।
सतना में 26 सितंबर को भी स्कूल बंद
अतिवृष्टि की संभावना को देखते हुए सतना कलेक्टर ने 26 सितंबर को भी नर्सरी से कक्षा 8वीं तक के स्कूलों में अवकाश घोषित किया है। यह आदेश शासकीय, अशासकीय, केंद्रीय, नवोदय, आईसीएसई सहित सभी मान्यता प्राप्त स्कूलों पर लागू होगा।
25 और 26 सितंबर को ज्यादा असर
बंगाल की खाड़ी में विकसित हुआ अवदाब मजबूत मौसमी सिस्टम के रूप में सक्रिय है। इसके चलते 25 और 26 सितंबर को बारिश का असर ज्यादा रहने की संभावना है। 27 सितंबर को भी तेज बारिश हो सकती है, जिसके बाद सिस्टम आगे बढ़ जाएगा।
मानसून की विदाई में अब कुछ ही दिन
मध्यप्रदेश में दक्षिण-पश्चिम मानसून का सामान्य समय 1 जून से 30 सितंबर तक माना जाता है। यानी मानसून की विदाई का समय नजदीक है।