मुंबई. 8वें पे कमीशन की इस हफ्ते बड़ी मीटिंग है। आयोग बेंगलुरू में कर्मचारियों और पेंशनर्स से जुड़े संगठनों से मिलने जा रहा है। यह बैठक 7 और 8 अक्टूबर 2026 को होगी। बेंगलुरू मीटिंग में शामिल होने के लिए सभी स्टेकहोल्डर्स को 18 सितंबर तक यूनिक मेमो आईडी ले लेना था। जिनके पास यह आईडी होगी वही लोग इस बैठक में हिस्सा ले पाएंगे। आयोग विभिन्न शहरों में स्टेकहोल्डर्स से बातचीत कर उनकी मांगें और सुझाव सुन रहा है। बेंगलुरू बैठक इस प्रक्रिया का महत्वपूर्ण हिस्सा है। कर्मचारियों की उम्मीदें इस बैठक से जुड़ी हुई हैं।
बैठक का एजेंडा और चर्चा के मुद्दे
इस बैठक में सभी स्टेकहोल्डर्स अपनी डिमांड्स चुनौतियों आदि से पे कमीशन को अवगत कराएंगे। जिन बातों पर सबसे अधिक चर्चा होने की उम्मीद है उसमें फिटमेंट फैक्टर डीए एचआरए आदि है। इसके अलावा पेंशन में भी सुधार की मांग आयोग के सामने आ सकती है। कर्मचारी संगठन अपनी पुरानी मांगों को दोहराएंगे और नए सुझाव देंगे। आयोग इन मुद्दों पर विस्तृत चर्चा के बाद अपनी रिपोर्ट तैयार करेगा। फिटमेंट फैक्टर सबसे महत्वपूर्ण मुद्दा बना हुआ है। डीए और एचआरए में संशोधन की भी जोरदार मांग उठने की संभावना है।
मुंबई में भी अक्टूबर में बैठक
आयोग अक्टूबर में ही मुंबई में भी बैठक करने जा रहा है। यह मीटिंग 22 और 23 अक्टूबर को होगी। इसमें हिस्सा लेने के लिए सभी स्टेकहोल्डर्स को 10 अक्टूबर तक यूनिक मेमो आईडी ले लेना होगा। इससे पहले पे कमीशन की मीटिंग दिल्ली लखनऊ जैसे कई शहरों में हो चुकी है। विभिन्न क्षेत्रों के प्रतिनिधियों से बातचीत करके आयोग व्यापक राय जुटा रहा है। मुंबई बैठक में भी फिटमेंट फैक्टर और अन्य लाभों पर चर्चा होने की उम्मीद है। स्टेकहोल्डर्स को समय पर आईडी प्राप्त करके बैठक में शामिल होना जरूरी है।
फिटमेंट फैक्टर 4 की हो रही डिमांड
कई कर्मचारी संगठनों ने फिटमेंट फैक्टर 4 तक रखने की मांग आयोग से की है। अगर फिटमेंट फैक्टर 4 रहा तब की स्थिति में बेसिक पे 18000 रुपये से बढ़कर 72000 रुपये के स्तर पर पहुंच सकता है। 6वें वेतन आयोग के दौरान फिटमेंट फैक्टर 1.86 और 7वें के दौरान 2.57 रखा गया था। कर्मचारी संगठन उच्च फिटमेंट फैक्टर की मांग को प्राथमिकता दे रहे हैं। इससे वेतन संरचना में बड़ा बदलाव आ सकता है। आयोग सभी मांगों पर विचार करके संतुलित सिफारिशें देगा। फिटमेंट फैक्टर का फैसला कर्मचारियों के लिए निर्णायक साबित होगा।
आगे की प्रक्रिया और कर्मचारियों की उम्मीद
8वें वेतन आयोग की सिफारिशें केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए महत्वपूर्ण होंगी। बेंगलुरू और मुंबई की बैठकों के बाद आयोग अपनी रिपोर्ट को अंतिम रूप देगा। कर्मचारी संगठन फिटमेंट फैक्टर के साथ-साथ अन्य भत्तों में वृद्धि की उम्मीद लगाए बैठे हैं। यूनिक मेमो आईडी की व्यवस्था से बैठक व्यवस्थित तरीके से हो रही है। आयोग के दौरे और चर्चाएं पारदर्शी प्रक्रिया का हिस्सा हैं। अंतिम सिफारिशों का इंतजार पूरे सरकारी कर्मचारी वर्ग को है। समय पर रिपोर्ट आने से नई वेतन संरचना लागू होने का रास्ता खुलेगा।