कोलकाता: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के दूसरे और अंतिम चरण का मतदान बुधवार, 29 अप्रैल को संपन्न हो गया। दक्षिण बंगाल की 142 महत्वपूर्ण सीटों पर हुए इस मतदान में जनता ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। शाम 5 बजे तक के आंकड़ों के अनुसार, बंगाल में रिकॉर्ड 89.99% मतदान दर्ज किया गया है।
ममता बनर्जी की बड़ी भविष्यवाणी
अपनी पारंपरिक सीट भवानीपुर में दोपहर साढ़े चार बजे वोट डालने पहुंची मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने आत्मविश्वास के साथ जीत का दावा किया। उन्होंने पत्रकारों से कहा, "तृणमूल कांग्रेस 200 का आंकड़ा पार करेगी। हम दो-तिहाई बहुमत से जीत रहे हैं, लेकिन यह आंकड़ा कहाँ जाकर रुकेगा, मुझे नहीं पता।" ममता ने केंद्रीय बलों पर भी बड़ा आरोप लगाते हुए कहा कि बीजेपी के पास एजेंट नहीं हैं, इसलिए सुरक्षा बल के जवान एजेंट बनकर बैठे हैं।
रिकॉर्ड मतदान के आंकड़े
बंगाल के विभिन्न जिलों में शाम 5 बजे तक मतदान का प्रतिशत कुछ इस प्रकार रहा:
पूर्व बर्धमान: 92.46%
हुगली:90.34%
नदिया: 90.28%
उत्तर 24 परगना: 89.74%
दक्षिण 24 परगना: 89.57%
कोलकाता उत्तर: 87.77%
कोलकाता दक्षिण: 86.11%
ईवीएम में गड़बड़ी और हिंसा की शिकायतें
मतदान के दौरान फलता केंद्र से बीजेपी प्रत्याशी देबांशु पांडा ने आरोप लगाया कि टीएमसी समर्थकों ने जानबूझकर ईवीएम के बटन जाम कर दिए। चुनाव आयोग ने इन शिकायतों पर जांच के आदेश दिए हैं और स्पष्ट किया है कि गड़बड़ी पाए जाने पर उन बूथों पर 'री-पोल' (दोबारा मतदान) कराया जाएगा।
मोदी बनाम ममता: किसकी होगी सत्ता?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने चुनाव प्रचार के दौरान बंगाल को बचाने की जिम्मेदारी लेते हुए कहा था कि इस बार बंगाल में ऐतिहासिक परिवर्तन होगा और 'पद्म' खिलेगा। वहीं, ममता बनर्जी के दावे ने राजनीतिक हलकों में हलचल मचा दी है। 2021 में बीजेपी ने 77 सीटें जीतकर मुख्य विपक्षी दल के रूप में पहचान बनाई थी, अब देखना यह है कि 2026 के नतीजों में ऊंट किस करवट बैठता है।
एग्जिट पोल और नतीजों का इंतजार
मतदान खत्म होने के साथ ही अब सभी की निगाहें एग्जिट पोल (Exit Poll) पर टिकी हैं। हालांकि, बंगाल की जनता का असली फैसला 4 मई को मतगणना के दिन ही साफ होगा।