गया - बिहार के गया शहर में स्थित रामशिला शिव मंदिर धार्मिक आस्था और पौराणिक मान्यताओं का प्रमुख केंद्र माना जाता है। गया-पटना मुख्य मार्ग पर रामशिला पहाड़ी की तलहटी में स्थित इस मंदिर में सालभर श्रद्धालुओं का आना-जाना लगा रहता है। सावन के महीने में यहां भक्तों की संख्या काफी बढ़ जाती है और पूरा परिसर शिवभक्ति से सराबोर नजर आता है।
करीब 100 फीट ऊंचा है मंदिर
रामशिला शिव मंदिर अपनी वास्तुकला के लिए भी आकर्षण का केंद्र है। बताया जाता है कि करीब 100 फीट ऊंचा यह मंदिर चूना, गारा और पत्थरों से निर्मित है। मंदिर के गर्भगृह में स्फटिक पत्थर से बना शिवलिंग स्थापित है, जिसे श्रद्धालु बेहद पवित्र मानते हैं।
मंदिर में मौजूद हैं कई देवी-देवताओं की प्रतिमाएं
मंदिर परिसर में भगवान शिव के साथ उनके परिवार और अन्य देवी-देवताओं की भी प्रतिमाएं स्थापित हैं। यहां मूंगा पत्थर से बनी गणपति की प्रतिमा के अलावा भगवान कार्तिकेय, सूर्यदेव, माता गौरी, भगवान विष्णु और बजरंगबली की प्रतिमाएं भी मौजूद हैं। मंदिर में 50 से अधिक देवी-देवताओं की मूर्तियां होने की बात कही जाती है।
भगवान राम से जुड़ी है मान्यता
रामशिला शिव मंदिर को लेकर स्थानीय लोगों में एक प्राचीन धार्मिक मान्यता प्रचलित है। कहा जाता है कि भगवान श्रीराम गया में पिंडदान करने के लिए आए थे। इसी दौरान उन्होंने रामकुंड में स्नान किया और शिवलिंग की स्थापना की थी। मंदिर के पास स्थित रामकुंड भी इस मान्यता को धार्मिक रूप से और महत्वपूर्ण बनाता है।हालांकि यह भगवान राम से जुड़ी धार्मिक मान्यता है, जिसके आधार पर श्रद्धालु मंदिर की पौराणिक महत्ता को देखते हैं।
करीब 200 साल पहले हुआ मंदिर का निर्माण
मौजूदा मंदिर के निर्माण को करीब दो सौ वर्ष पुराना बताया जाता है। स्थानीय इतिहास के अनुसार, टिकारी के राजा गोपाल शरण सिंह ने इस मंदिर का निर्माण कराया था। समय बीतने के साथ यह स्थान गया के प्रमुख धार्मिक स्थलों में शामिल हो गया और यहां श्रद्धालुओं की आस्था लगातार बढ़ती गई।
शिवलिंग में दिखाई देता है शिव परिवार
मंदिर की सबसे खास धार्मिक विशेषताओं में यहां स्थापित स्फटिक शिवलिंग शामिल है। श्रद्धालुओं की मान्यता है कि शिवलिंग को ध्यान से देखने पर उसमें पूरे शिव परिवार के स्वरूप के दर्शन होते हैं। इसी वजह से भक्त इस शिवलिंग को विशेष आस्था और श्रद्धा के साथ देखते हैं।
सावन में बढ़ जाती है रौनक
सावन के दौरान रामशिला शिव मंदिर में भक्तों की भीड़ सामान्य दिनों की तुलना में काफी बढ़ जाती है। दूर-दराज से श्रद्धालु भगवान शिव के दर्शन और पूजा-अर्चना के लिए पहुंचते हैं। मंदिर की पौराणिक मान्यताएं, रामकुंड से जुड़ा धार्मिक संदर्भ और प्राचीन संरचना इसे गया के महत्वपूर्ण शिव मंदिरों में विशेष स्थान देते हैं।
कैसे पहुंचें रामशिला शिव मंदिर?
रामशिला शिव मंदिर गया-पटना राष्ट्रीय राजमार्ग के पास रामशिला पहाड़ी की तलहटी में स्थित है। गया रेलवे स्टेशन से मंदिर की दूरी करीब तीन किलोमीटर बताई जाती है। वहीं गांधी मैदान स्थित सरकारी बस स्टैंड से यह स्थान लगभग ढाई किलोमीटर दूर है। सड़क मार्ग से भी मंदिर तक आसानी से पहुंचा जा सकता है।