गोरखपुर: उत्तर प्रदेश में प्राकृतिक आपदाओं से फसल का नुकसान झेलने वाले किसानों को आर्थिक राहत देने के लिए योगी सरकार बड़ा कदम उठाने जा रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सोमवार, 12 अक्टूबर को गोरखपुर में आयोजित कार्यक्रम में 9 लाख से अधिक किसानों को कृषि निवेश अनुदान वितरित करेंगे। इस दौरान किसानों को कुल 493 करोड़ रुपये की अनुदान राशि दी जाएगी। कार्यक्रम सुबह 10 बजे शुरू होगा।
सरकार की इस पहल का उद्देश्य प्राकृतिक आपदाओं से प्रभावित किसानों को आर्थिक सहारा देना और अगली फसल की तैयारी में उनकी मदद करना है। बाढ़, अत्यधिक बारिश, ओलावृष्टि और चक्रवात जैसी आपदाओं के कारण जिन किसानों की फसल को नुकसान पहुंचा है, उन्हें इस सहायता के जरिए राहत देने की योजना है।
फसल नुकसान की भरपाई के लिए जारी हुई सहायता राशि
उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, 1 अप्रैल से 9 अक्टूबर 2026 के बीच उत्तर प्रदेश में 1.29 लाख से अधिक किसानों को फसल क्षति के मुआवजे के रूप में 78.75 करोड़ रुपये से अधिक की राशि वितरित की गई है। यह सहायता प्राकृतिक आपदाओं के कारण फसल बर्बाद होने से प्रभावित किसानों तक पहुंचाई गई है।
इसके अतिरिक्त, विभिन्न जिलों में कृषि निवेश अनुदान के लिए 169 करोड़ रुपये से अधिक की धनराशि जारी की गई है। वहीं, 226 करोड़ रुपये की सहायता राशि के माध्यम से भी प्रभावित किसानों को राहत मिली है। इन मदों के तहत दी गई सहायता किसानों को खेती से जुड़े आर्थिक नुकसान से उबरने में मदद करने के उद्देश्य से दी जा रही है।
कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही भी रहेंगे मौजूद
गोरखपुर में होने वाले इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ उत्तर प्रदेश के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही और अन्य जनप्रतिनिधि भी शामिल होंगे। कार्यक्रम के दौरान किसानों को अनुदान वितरण के साथ कृषि क्षेत्र में सरकार की सहायता योजनाओं पर भी ध्यान रहेगा।
प्राकृतिक आपदाओं के कारण खेती पर पड़ने वाले आर्थिक दबाव को देखते हुए कृषि निवेश अनुदान किसानों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इससे प्रभावित किसानों को खेती से संबंधित खर्चों को पूरा करने और आगामी कृषि गतिविधियों को जारी रखने में मदद मिलने की उम्मीद है।
किसानों को आर्थिक संबल देने पर सरकार का जोर
उत्तर प्रदेश में बड़ी संख्या में किसान मौसम की अनिश्चितताओं और प्राकृतिक आपदाओं के कारण फसल नुकसान का सामना करते हैं। ऐसे में समय पर आर्थिक सहायता मिलना उनके लिए अहम है। योगी सरकार की ओर से प्रस्तावित 493 करोड़ रुपये के अनुदान वितरण कार्यक्रम को इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
हालांकि, किसानों को मिलने वाली वास्तविक सहायता राशि उनके नुकसान, पात्रता और संबंधित सरकारी प्रावधानों के आधार पर अलग-अलग हो सकती है। अनुदान वितरण का उद्देश्य प्रभावित किसानों को राहत पहुंचाना और कृषि कार्यों को दोबारा सुचारु रूप से आगे बढ़ाने में सहयोग करना है।