Janmashtami Traffic Alert: जन्माष्टमी के मौके पर नोएडा में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के उमड़ने की संभावना को देखते हुए पुलिस और प्रशासन ने यातायात व्यवस्था को लेकर व्यापक तैयारियां की हैं। 4 सितंबर को मंदिरों में होने वाले आयोजनों के दौरान भीड़ को नियंत्रित करने और लोगों की आवाजाही सुचारु रखने के लिए कई इलाकों में ट्रैफिक व्यवस्था बदली जाएगी। खास तौर पर ISKCON मंदिर के आसपास वाहनों की आवाजाही पर प्रतिबंध रहेगा। सुरक्षा और ट्रैफिक मैनेजमेंट के लिए 500 से अधिक पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है।
500 से ज्यादा जवान संभालेंगे ट्रैफिक की कमान
जन्माष्टमी के दौरान नोएडा की सड़कों पर यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए 500 से अधिक ट्रैफिक पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है। इसके अलावा 12 ट्रैफिक इंस्पेक्टर और 8 ACP स्तर के अधिकारी भी अलग-अलग स्थानों पर ड्यूटी संभालेंगे। भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में पुलिस लगातार निगरानी करेगी, ताकि किसी भी स्थिति में ट्रैफिक व्यवस्था प्रभावित न हो। लोगों की मदद के लिए पुलिस की ओर से हेल्पलाइन व्यवस्था भी उपलब्ध कराई गई है।
ISKCON मंदिर के आसपास वाहनों की एंट्री पर रोक
जन्माष्टमी के दौरान ISKCON मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की उम्मीद है। इसे देखते हुए मंदिर की तरफ जाने वाले वाहनों के प्रवेश को नियंत्रित किया जाएगा। कमर्शियल वाहनों को भी मंदिर से काफी पहले रोकने की व्यवस्था की गई है। मंदिर से करीब एक किलोमीटर पहले अलग-अलग रास्तों पर बैरिकेडिंग की जाएगी, ताकि श्रद्धालुओं की भीड़ और वाहनों को एक साथ मंदिर के आसपास पहुंचने से रोका जा सके।
मंदिर के पास वाहन नहीं ले जा सकेंगे श्रद्धालु
ट्रैफिक प्लान के तहत श्रद्धालुओं को अपने वाहन मंदिर के बेहद करीब ले जाने की अनुमति नहीं होगी। छोटे वाहनों को भी प्रतिबंधित क्षेत्र में प्रवेश नहीं दिया जाएगा। ऐसे में श्रद्धालुओं को निर्धारित स्थान पर वाहन खड़ा करने के बाद आगे का रास्ता पैदल तय करना होगा। हालांकि यातायात को पूरी तरह रोकने से बचाने के लिए फ्लाईओवर को खुला रखने की व्यवस्था की गई है।
CCTV और ड्रोन से रखी जाएगी हर गतिविधि पर नजर
सिर्फ सड़क पर पुलिस तैनाती ही नहीं, बल्कि तकनीक के जरिए भी सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा। मंदिर और आसपास के इलाकों में CCTV कैमरों से निगरानी की जाएगी। इसके अलावा भीड़ की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए ड्रोन कैमरों का भी इस्तेमाल किया जाएगा। किसी संदिग्ध गतिविधि या असामाजिक तत्वों पर नजर रखने के लिए सादे कपड़ों में पुरुष और महिला पुलिसकर्मियों की भी तैनाती की जाएगी।
भीड़ बढ़ने पर ट्रैफिक व्यवस्था में हो सकता है बदलाव
जन्माष्टमी के दौरान श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ने पर स्थानीय स्तर पर ट्रैफिक को नियंत्रित करने के लिए पुलिस अतिरिक्त कदम भी उठा सकती है। ऐसे में मंदिर की ओर जाने वाले लोगों के लिए जरूरी है कि वे निर्धारित मार्ग और पुलिस द्वारा लगाए गए बैरिकेड्स का पालन करें।
ट्रैफिक डायवर्जन का पालन करने की अपील
पुलिस-प्रशासन का उद्देश्य जन्माष्टमी के दौरान श्रद्धालुओं को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने के साथ-साथ सामान्य यातायात को भी सुचारु बनाए रखना है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि जहां वाहनों की एंट्री प्रतिबंधित हो, वहां जबरन जाने की कोशिश न करें और पुलिस द्वारा बताए गए वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल करें। भीड़ के समय ट्रैफिक प्लान का पालन करने से न सिर्फ जाम की स्थिति से बचा जा सकेगा, बल्कि मंदिर पहुंचने वाले श्रद्धालुओं को भी कम परेशानी होगी।
जन्माष्टमी पर नोएडा में निकलने से पहले क्या ध्यान रखें?
अगर आप 4 सितंबर को ISKCON मंदिर या आसपास के किसी आयोजन में जाने की योजना बना रहे हैं, तो घर से निकलने से पहले ट्रैफिक अपडेट जरूर देख लें।
मंदिर के बेहद करीब वाहन ले जाने से बचें।
बैरिकेडिंग और नो-एंट्री वाले रास्तों पर न जाएं।
निर्धारित पार्किंग/वाहन रोकने वाले स्थान का इस्तेमाल करें।
भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में पुलिस के निर्देशों का पालन करें।
ट्रैफिक डायवर्जन के कारण यात्रा में अतिरिक्त समय लग सकता है।
आपात स्थिति में पुलिस की सहायता लें।