रानीखेत में NICU कक्ष के उद्घाटन को लेकर सियासत तेज हो गई है। पूर्व विधायक करन माहरा ने सरकार और स्थानीय विधायक पर स्वास्थ्य सुविधाओं के नाम पर केवल उद्घाटन की राजनीति करने का आरोप लगाया है।
जनता को किया गुमराह
राजकीय चिकित्सालय रानीखेत पहुंचे पूर्व विधायक करन माहरा ने कहा कि जिस NICU कक्ष का हाल ही में उद्घाटन किया गया उसकी मशीनें कई वर्ष पहले ही अस्पताल में उपलब्ध हो चुकी थीं। लेकिन कक्ष के अभाव में वे लंबे समय तक बंद पड़ी रहीं। उन्होंने आरोप लगाया कि अब उन्हीं मशीनों को पहले से बने कक्ष में स्थापित कर जल्दबाजी में उद्घाटन कर जनता को गुमराह किया जा रहा है करन माहरा ने कहा कि उनके विधायक कार्यकाल में अस्पताल को हाईटेक एम्बुलेंस उपलब्ध कराई गई थी लेकिन साढ़े चार वर्षों बाद भी उसमें टेक्निशियन की नियुक्ति नहीं हो सकी है। इसके अलावा भिकियासैंण में उनके कार्यकाल में लगाया गया ऑक्सीजन प्लांट भी निष्क्रिय पड़ा हुआ है।
ट्रॉमा सेंटर पर सवाल
उन्होंने मुख्यमंत्री द्वारा घोषित ट्रॉमा सेंटर योजना पर भी सवाल उठाए। माहरा ने कहा कि रानीखेत अस्पताल ट्रॉमा सेंटर के रूप में विकसित नहीं हो पाया है। उनका आरोप है कि भाजपा सरकार और स्थानीय विधायक केवल फीता काटने और घोषणाओं की राजनीति कर रहे हैं जबकि जमीनी स्तर पर स्वास्थ्य सेवाएं बदहाल हैं।
अस्पताल में संसाधनों की कमी
करन माहरा ने कहा कि पर्यटक नगरी रानीखेत और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों की बड़ी आबादी इस अस्पताल पर निर्भर है लेकिन संसाधनों और व्यवस्थाओं की कमी से मरीजों को लगातार परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। कांग्रेस ने सरकार से अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने और घोषणाओं को धरातल पर उतारने की मांग की है। फिलहाल NICU उद्घाटन को लेकर शुरू हुई यह राजनीतिक बयानबाजी स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर कई सवाल खड़े कर रही है। अब देखना होगा कि सरकार और प्रशासन इन आरोपों पर क्या जवाब देते हैं।