कोलकाता: पश्चिम बंगाल के उच्च शिक्षा मंत्री जगन्नाथ चट्टोपाध्याय ने शिक्षा व्यवस्था और राज्य के औद्योगिक विकास को लेकर कई अहम बयान दिए। उन्होंने कहा कि राज्य में मजबूत अर्थव्यवस्था तैयार करने के लिए अधिक से अधिक औद्योगिक निवेश लाना जरूरी है। जितना ज्यादा उद्योग राज्य में आएगा, उतना ही पश्चिम बंगाल आगे बढ़ेगा।
जादवपुर विश्वविद्यालय की कार्यसमिति को स्थगित किए जाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि उन्हें इस संबंध में पत्र मिला है और वह मामले की जानकारी लेकर आगे देखेंगे। वहीं, शिक्षक को गोली मारकर हत्या किए जाने की घटना पर मंत्री ने इसे बेहद भयावह बताया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार मामले को गंभीरता से देख रही है और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
सिलेबस पर मंत्रियों का अधिकार नहीं
सिलेबस कमेटी को लेकर पूछे गए सवाल पर जगन्नाथ चट्टोपाध्याय ने स्पष्ट किया कि सिलेबस कमेटी ही पाठ्यक्रम को लेकर फैसला करेगी। उन्होंने कहा कि इसमें मंत्रियों का कोई अधिकार नहीं है। कमेटी की ओर से फैसला आने के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
उच्च शिक्षा में बढ़ा दाखिला
मंत्री ने बताया कि पिछले साल की तुलना में इस वर्ष स्नातक, स्नातकोत्तर, इंजीनियरिंग और नर्सिंग समेत विभिन्न क्षेत्रों में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने दाखिला लिया है। उन्होंने इसे उच्च शिक्षा के लिए उम्मीद की किरण बताया। उनके मुताबिक दाखिला लेने वाले छात्रों में महिला विद्यार्थियों की संख्या करीब 40 प्रतिशत है।
31 विश्वविद्यालय और 500 से ज्यादा कॉलेजों में अटेंडेंस पर सख्ती
छात्र-छात्राओं और शिक्षकों की उपस्थिति को लेकर भी सरकार सख्त रुख अपनाने की तैयारी में है। मंत्री ने कहा कि सिर्फ कलकत्ता विश्वविद्यालय ही नहीं, बल्कि राज्य सरकार द्वारा वित्तपोषित 31 विश्वविद्यालयों और 500 से अधिक कॉलेजों में शिक्षक एवं छात्र-छात्राओं की अटेंडेंस पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी।