रायपुर। छत्तीसगढ़ में रक्षाबंधन के त्योहार से पहले सियासत गरमा गई है। एक ओर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने महतारी वंदन योजना की 31वीं किस्त जारी कर प्रदेश की महिलाओं को त्योहार की सौगात दी है, वहीं दूसरी ओर कांग्रेस ने योजना की राशि को लेकर सरकार पर तीखा हमला बोला है। कांग्रेस विधायक देवेंद्र यादव ने आरोप लगाया कि सरकार एक हाथ से महिलाओं को 1000 रुपये दे रही है, जबकि दूसरे हाथ से स्मार्ट मीटर के नाम पर भारी-भरकम बिजली बिल के जरिए आम जनता से वसूली कर रही है।
रक्षाबंधन से पहले महिलाओं को सरकार की सौगात
बालोद जिले के डौंडीलोहारा में आयोजित राज्य स्तरीय समारोह में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने महतारी वंदन योजना की 31वीं किस्त जारी की। सरकार की ओर से सितंबर माह की राशि का अग्रिम भुगतान किया गया है, ताकि रक्षाबंधन के अवसर पर प्रदेश की महिलाओं को आर्थिक संबल मिल सके।
मुख्यमंत्री ने सिंगल क्लिक के जरिए 67 लाख 28 हजार 918 लाभार्थी महिलाओं के बैंक खातों में योजना की राशि ट्रांसफर की। इस दौरान 631 करोड़ 38 लाख रुपये से अधिक की राशि का अंतरण किया गया।
बिहान दीदियों और महिला स्व-सहायता समूहों का सम्मान
डौंडीलोहारा में आयोजित कार्यक्रम के दौरान बिहान दीदियों और महिला स्व-सहायता समूहों को भी सम्मानित किया गया। राज्य सरकार ने महतारी वंदन योजना को महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता से जोड़ते हुए इसे महिला हितैषी योजनाओं में प्रमुख बताया।
सरकार का कहना है कि नियमित आर्थिक सहायता से महिलाओं को अपने छोटे-बड़े खर्चों के लिए आर्थिक मजबूती मिल रही है और परिवार के आर्थिक फैसलों में उनकी भूमिका भी मजबूत हो रही है।
देवेंद्र यादव ने स्मार्ट मीटर को लेकर सरकार पर बोला हमला
महतारी वंदन की किस्त जारी होने के साथ ही कांग्रेस ने सरकार पर हमला तेज कर दिया। कांग्रेस विधायक देवेंद्र यादव ने स्मार्ट मीटर और बिजली बिल के मुद्दे को उठाते हुए सरकार पर गंभीर आरोप लगाए।
देवेंद्र यादव का कहना है कि प्रदेश की आम जनता स्मार्ट मीटर से परेशान है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार एक तरफ महिलाओं के खाते में 1000 रुपये डालकर अपनी पीठ थपथपा रही है, जबकि दूसरी तरफ स्मार्ट मीटर के जरिए घरों में भारी-भरकम बिजली बिल पहुंच रहे हैं।
कांग्रेस विधायक ने इसे सरकार की “एक हाथ से देने और दूसरे हाथ से छीनने” की नीति करार दिया।
बीजेपी का पलटवार, कांग्रेस के पुराने वादे याद दिलाए
कांग्रेस के आरोपों पर बीजेपी की ओर से भी पलटवार किया गया। कैबिनेट मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि सरकार रक्षाबंधन से पहले प्रदेश की बहनों को महतारी वंदन योजना की राशि देकर अपना वादा निभा रही है।
उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि बीजेपी सरकार की ओर से महिलाओं के लिए किए जा रहे काम कांग्रेस को हजम नहीं हो रहे हैं। केदार कश्यप ने कांग्रेस के पिछले कार्यकाल और उसके चुनावी वादों का जिक्र करते हुए सवाल उठाया कि पांच साल सत्ता में रहने के दौरान कांग्रेस ने महिलाओं को कितनी आर्थिक सहायता दी।
महतारी वंदन बनाम स्मार्ट मीटर, सियासी दंगल तेज
महतारी वंदन योजना की किस्त जारी होने के बाद अब छत्तीसगढ़ की राजनीति में सरकारी सौगात बनाम स्मार्ट मीटर का मुद्दा जोर पकड़ता नजर आ रहा है। सत्ता पक्ष जहां महतारी वंदन योजना को महिला सशक्तिकरण और आर्थिक संबल का उदाहरण बता रहा है, वहीं कांग्रेस बिजली बिल और स्मार्ट मीटर के मुद्दे को लेकर सरकार को घेरने की कोशिश कर रही है।
रक्षाबंधन से पहले सामने आए इस सियासी टकराव में दोनों दल अपने-अपने मुद्दों को जनता के बीच ले जाने की तैयारी में हैं। अब देखने वाली बात होगी कि महतारी वंदन की 31वीं किस्त का असर सरकार के पक्ष में कितना दिखाई देता है और स्मार्ट मीटर व बिजली बिल का मुद्दा विपक्ष को कितना राजनीतिक फायदा पहुंचाता है।