भोपाल। मध्यप्रदेश सरकार आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के हितों के संरक्षण, सुरक्षा और कल्याण को लेकर गंभीर है। महिला एवं बाल विकास मंत्री निर्मला भूरिया ने कहा कि आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाएं मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, पोषण और प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल से जुड़ी सरकारी योजनाओं को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। उनकी न्यायसंगत और व्यावहारिक मांगों पर नियमानुसार सहानुभूतिपूर्वक विचार किया जाएगा।
मानदेय वृद्धि और नियमितीकरण की मांग पर हुई चर्चा
मंत्री निर्मला भूरिया सोमवार को मंत्रालय में भारतीय मजदूर संघ (बीएमएस) से संबद्ध मध्यप्रदेश आंगनवाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका संघ के प्रतिनिधिमंडल के साथ बैठक कर रही थीं। बैठक में आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं की लंबित मांगों, सेवा संबंधी समस्याओं और कार्य परिस्थितियों में सुधार को लेकर विस्तार से चर्चा हुई। प्रतिनिधिमंडल ने मंत्री को मांग पत्र सौंपकर मानदेय में वृद्धि, नियमितीकरण, कार्यस्थल पर सुरक्षा और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने सहित विभिन्न प्रशासनिक विषयों पर अपनी मांगें रखीं।

अधिकारियों को मांगों के परीक्षण और शीघ्र निराकरण के निर्देश
मंत्री भूरिया ने प्रतिनिधिमंडल की सभी मांगों को गंभीरता से सुना। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रत्येक मांग का नियमानुसार परीक्षण किया जाए और व्यावहारिक समाधान की दिशा में आवश्यक कदम उठाए जाएं। उन्होंने कहा कि जिन मामलों का निराकरण विभागीय स्तर पर संभव है, उनमें प्रक्रियात्मक देरी नहीं होनी चाहिए। ऐसे प्रकरणों में शीघ्र कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं को अनावश्यक परेशानियों का सामना न करना पड़े।
बेहतर कार्य वातावरण और कल्याणकारी सुविधाओं पर जोर
मंत्री ने कहा कि आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं की समस्याओं का समयबद्ध निराकरण विभाग की प्राथमिकताओं में शामिल है। सरकार उनके लिए बेहतर कार्य वातावरण तैयार करने और कल्याणकारी सुविधाओं को मजबूत बनाने की दिशा में लगातार प्रयास कर रही है। उन्होंने दोहराया कि आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं का योगदान महिला एवं बाल विकास विभाग की योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में बेहद अहम है। इसलिए उनकी समस्याओं और मांगों पर संवेदनशीलता के साथ विचार किया जाएगा।
प्रतिनिधिमंडल ने जताया संतोष
बैठक के दौरान संघ के प्रतिनिधियों ने अपनी समस्याओं और सुझावों को विस्तार से रखा। प्रतिनिधिमंडल ने विभाग की ओर से किए जा रहे कल्याणकारी प्रयासों और विभिन्न मांगों पर दिए गए स्पष्टीकरणों पर संतोष व्यक्त किया। बैठक में महिला एवं बाल विकास विभाग की सचिव जी.वी. रश्मि, वित्त विभाग के अधिकारी और विभागीय वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। इसके अलावा भारतीय मजदूर संघ के प्रदेश अध्यक्ष संजय सिंह, प्रदेश महामंत्री कुलदीप सिंह गुर्जर, मध्यप्रदेश आंगनवाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका संघ की प्रदेश महामंत्री सुनीता त्रिपाठी सहित संचित सिंह, वंदना राजौरिया, हेमलता शर्मा,संजीव श्रीवास्तव, उषा राठौर, शोभा चौपड़, संजय राठौर, ललिता शर्मा, वसुंधरा मिश्रा और आशीष सिंह मौजूद रहे।