नई दिल्ली. दिल्ली परिवहन व्यवस्था में महिलाओं की मुफ्त यात्रा सुविधा को लेकर बड़ा बदलाव होने जा रहा है। अभी तक डीटीसी और क्लस्टर बसों में महिलाओं को कंडक्टर द्वारा गुलाबी रंग की कागजी टिकट दी जाती थी, लेकिन अब सरकार इस पूरी व्यवस्था को डिजिटल स्वरूप देने जा रही है। 1 जुलाई 2026 से पुरानी पेपर टिकट प्रणाली बंद कर दी जाएगी और मुफ्त यात्रा का लाभ केवल ‘पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड’ के माध्यम से ही मिलेगा।
सरकार ने क्यों लिया यह बड़ा फैसला
सरकार का मानना है कि मौजूदा कागजी टिकट व्यवस्था में कई तरह की तकनीकी और प्रबंधन संबंधी समस्याएं सामने आ रही थीं। डिजिटल सिस्टम लागू होने के बाद यह पता लगाया जा सकेगा कि प्रतिदिन कितनी महिलाएं बसों में यात्रा कर रही हैं और किन रूटों पर सबसे ज्यादा भीड़ रहती है। इसके अलावा टिकट छपाई, वितरण और संभावित गड़बड़ियों पर भी रोक लगाने में मदद मिलेगी। परिवहन विभाग का कहना है कि यह कदम सार्वजनिक परिवहन को अधिक पारदर्शी और आधुनिक बनाने की दिशा में अहम साबित होगा।
कैसे काम करेगा ‘पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड’
नई व्यवस्था के तहत महिलाओं को बस में चढ़ते समय अपने स्मार्ट कार्ड को मशीन पर टैप करना होगा। यह प्रक्रिया दिल्ली मेट्रो के स्मार्ट कार्ड या ‘वन दिल्ली कार्ड’ की तरह काम करेगी। यात्रा पूरी तरह मुफ्त रहेगी, लेकिन कार्ड साथ रखना अनिवार्य होगा। परिवहन विभाग ने स्पष्ट किया है कि कार्ड के बिना यात्रा करने पर यात्रियों को जुर्माना या अन्य परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
डीटीसी और क्लस्टर बसों में लागू होगी योजना
सरकार ने जानकारी दी है कि यह नई व्यवस्था दिल्ली की सभी डीटीसी और ऑरेंज क्लस्टर बसों में लागू की जाएगी। इसका उद्देश्य महिलाओं के लिए यात्रा सुविधा को अधिक सुरक्षित, सुविधाजनक और व्यवस्थित बनाना है। अधिकारियों का कहना है कि डिजिटल रिकॉर्ड के जरिए बस संचालन और रूट प्लानिंग को भी बेहतर किया जा सकेगा।
जल्द शुरू होगा पंजीकरण अभियान
‘पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड’ बनवाने के लिए जल्द ही राजधानी में विशेष पंजीकरण अभियान शुरू किया जाएगा। बस डिपो, मेट्रो स्टेशन और अलग-अलग स्थानों पर विशेष शिविर लगाए जाएंगे, जहां महिलाएं अपना पंजीकरण कर सकेंगी। सरकार ने महिलाओं से समय रहते कार्ड बनवाने की अपील की है ताकि जुलाई के बाद उन्हें यात्रा के दौरान किसी तरह की दिक्कत का सामना न करना पड़े।
महिलाओं की यात्रा व्यवस्था में आएगा बड़ा बदलाव
विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम दिल्ली की सार्वजनिक परिवहन प्रणाली को तकनीकी रूप से अधिक मजबूत बनाएगा। डिजिटल सिस्टम लागू होने से यात्रा आंकड़ों का सही विश्लेषण हो सकेगा और महिलाओं की सुरक्षा तथा सुविधा को ध्यान में रखते हुए नई योजनाएं तैयार की जा सकेंगी। आने वाले समय में यह मॉडल अन्य राज्यों के लिए भी उदाहरण बन सकता है।