केंद्र सरकार ने भारत एआई मिशन के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) पद पर वरिष्ठ आईएएस अधिकारी सौरभ विजय की नियुक्ति की है। इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, यह नियुक्ति देश की कृत्रिम बुद्धिमत्ता रणनीति को मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। लंबे समय से रिक्त पड़े इस पद पर नियुक्ति के बाद मिशन की विभिन्न परियोजनाओं और नीतिगत पहलों को नई गति मिलने की उम्मीद है।
महाराष्ट्र कैडर के अनुभवी अधिकारी हैं सौरभ विजय
सौरभ विजय वर्ष 1998 बैच के भारतीय प्रशासनिक सेवा अधिकारी हैं और महाराष्ट्र कैडर से संबंधित हैं। वर्तमान में वे भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (यूआईडीएआई) के मुख्य कार्यकारी अधिकारी के रूप में भी कार्यरत हैं। सरकार ने उन्हें भारत एआई मिशन के CEO का अतिरिक्त प्रभार सौंपा है। प्रशासन, डिजिटल गवर्नेंस और तकनीकी परियोजनाओं के संचालन में उनके लंबे अनुभव को देखते हुए यह जिम्मेदारी दी गई है।
अभिषेक सिंह के जाने के बाद खाली था पद
भारत एआई मिशन में CEO का पद पूर्व अधिकारी अभिषेक सिंह के मंत्रालय से अलग होने के बाद से रिक्त पड़ा हुआ था। इस दौरान मिशन की कई प्रमुख योजनाएं आगे बढ़ती रहीं, लेकिन स्थायी नेतृत्व की कमी महसूस की जा रही थी। अब सौरभ विजय की नियुक्ति से मिशन के संचालन, उद्योग सहयोग, अनुसंधान विकास और एआई अवसंरचना विस्तार को अधिक व्यवस्थित दिशा मिलने की संभावना है।
भारत एआई मिशन क्यों है महत्वपूर्ण?
भारत एआई मिशन देश में कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित नवाचार, अनुसंधान, स्टार्टअप विकास, कंप्यूटिंग क्षमता निर्माण और डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना को मजबूत करने के लिए शुरू किया गया एक महत्वाकांक्षी कार्यक्रम है। इसका उद्देश्य भारत को वैश्विक एआई शक्ति के रूप में स्थापित करना और शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, शासन तथा उद्योग क्षेत्रों में एआई के उपयोग को बढ़ावा देना है। यह मिशन भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था के भविष्य का एक प्रमुख स्तंभ माना जा रहा है।
ऑनलाइन गेमिंग प्राधिकरण को भी मिला नया अध्यक्ष
केंद्र सरकार ने एक अन्य महत्वपूर्ण नियुक्ति करते हुए वर्ष 2001 बैच के आईएएस अधिकारी प्रियांक भारती को ऑनलाइन गेमिंग प्राधिकरण का अध्यक्ष नियुक्त किया है। वे वर्तमान में राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र के महानिदेशक के रूप में भी कार्यरत हैं। डिजिटल प्लेटफॉर्म, साइबर अवसंरचना और ई-गवर्नेंस के क्षेत्र में उनका व्यापक अनुभव ऑनलाइन गेमिंग क्षेत्र के नियमन और नीतिगत विकास में उपयोगी माना जा रहा है।
डिजिटल भारत की रणनीति को मिलेगी नई दिशा
विशेषज्ञों का मानना है कि इन दोनों नियुक्तियों से कृत्रिम बुद्धिमत्ता और ऑनलाइन डिजिटल इकोसिस्टम के क्षेत्र में सरकार की योजनाओं को नया नेतृत्व मिलेगा। एक ओर भारत एआई मिशन देश की तकनीकी प्रतिस्पर्धा को वैश्विक स्तर पर मजबूत करने का प्रयास कर रहा है, वहीं दूसरी ओर ऑनलाइन गेमिंग क्षेत्र के लिए नियामकीय ढांचे को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में भी काम किया जा रहा है।
उभरती तकनीकों पर सरकार का बढ़ता फोकस
हाल के वर्षों में केंद्र सरकार ने एआई, सेमीकंडक्टर, साइबर सुरक्षा, डिजिटल पहचान और डेटा गवर्नेंस जैसे क्षेत्रों में निवेश और नीतिगत पहल को प्राथमिकता दी है। सौरभ विजय और प्रियांक भारती जैसी वरिष्ठ प्रशासनिक नियुक्तियां इस बात का संकेत हैं कि सरकार उभरती तकनीकों के विकास और उनके प्रभावी नियमन को लेकर गंभीर है। आने वाले वर्षों में ये क्षेत्र भारत की आर्थिक और तकनीकी प्रगति में निर्णायक भूमिका निभा सकते हैं।