नई दिल्ली। देश के कई हिस्सों में मानसून पूरी तरह सक्रिय है। लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने दक्षिण से लेकर उत्तर भारत तक जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। केरलम और कर्नाटक में भारी बारिश के कारण भूस्खलन और बाढ़ जैसी घटनाओं में अब तक 11 लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं उत्तराखंड में केदारनाथ यात्रा मार्ग पर भूस्खलन की घटनाएं बढ़ गई हैं, जबकि राजस्थान के कई जिलों में तेज बारिश से सड़कें जलमग्न हो गई हैं।
केरल में बारिश और भूस्खलन से हालात गंभीर
केरल में लगातार हो रही बारिश के चलते कई नदियां उफान पर हैं और निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है। कई स्थानों पर भूस्खलन की घटनाएं भी सामने आई हैं। अब तक आठ लोगों की जान जा चुकी है, जबकि आठ अन्य लोगों की तलाश जारी है।राज्य सरकार ने प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव अभियान तेज कर दिया है। प्रशासन की ओर से 209 राहत शिविर संचालित किए जा रहे हैं, जहां 5,792 से अधिक लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है। आपदा प्रबंधन की टीमें लगातार संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी कर रही हैं और लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की गई है।
भूस्खलन से बिगड़े हालात
कर्नाटक के शिवमोग्गा जिले में रविवार सुबह दर्दनाक हादसा हुआ। लगातार बारिश के कारण पहाड़ी का हिस्सा खिसक गया, जिससे उसके पास बना एक मकान मलबे में दब गया। बताया गया कि घटना के समय परिवार के सभी सदस्य घर में सो रहे थे। प्रशासन ने मौके पर पहुंचकर राहत कार्य चलाया और मलबा हटाकर शवों को बाहर निकाला।
उत्तराखंड में केदारनाथ यात्रा पर बारिश का असर
उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग और केदार घाटी में लगातार बारिश के चलते भूस्खलन की घटनाएं बढ़ गई हैं। कई स्थानों पर पहाड़ियों से चट्टानें गिरने के कारण केदारनाथ यात्रा मार्ग और राष्ट्रीय राजमार्ग पर यातायात प्रभावित हुआ है।प्रशासन द्वारा प्रभावित मार्गों को साफ करने का काम लगातार जारी है। हालांकि, मौसम की खराब स्थिति के कारण यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कांवड़ यात्रा के दौरान भी कई श्रद्धालुओं की आवाजाही प्रभावित हुई है। प्रशासन ने यात्रियों से मौसम की जानकारी लेकर ही यात्रा करने की सलाह दी है।
राजस्थान के 24 जिलों में झमाझम बारिश
राजस्थान में भी मानसून ने रफ्तार पकड़ ली है। राज्य के 24 जिलों में बारिश दर्ज की गई, जिससे कई शहरों में जलभराव की स्थिति बन गई। अजमेर में तेज बारिश के बाद प्रमुख सड़कों पर पानी भर गया, जिससे यातायात प्रभावित हुआ और लोगों को आने-जाने में दिक्कतों का सामना करना पड़ा।मौसम विभाग के अनुसार अगले कुछ दिनों तक राजस्थान के कई हिस्सों में मध्यम से भारी बारिश का दौर जारी रह सकता है। प्रशासन ने निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूरी बनाए रखने की सलाह दी है।
प्रशासन अलर्ट मोड पर
देश के विभिन्न राज्यों में लगातार हो रही बारिश को देखते हुए स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन एजेंसियां अलर्ट पर हैं। राहत एवं बचाव कार्य तेज किए गए हैं और संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बढ़ा दी गई है। मौसम विभाग ने भी कई राज्यों में भारी बारिश की संभावना जताते हुए लोगों से सावधानी बरतने और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है।