भोपाल: मध्यप्रदेश में लगातार हो रही तेज बारिश के बाद अब मौसम कुछ दिनों के लिए राहत देने वाला है। मौसम विभाग के अनुसार अगले तीन दिनों तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में भारी बारिश की संभावना नहीं है। इस दौरान कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का असर देखने को मिलेगा। हालांकि राहत ज्यादा दिनों की नहीं रहेगी, क्योंकि 5 अगस्त से प्रदेश में एक बार फिर भारी बारिश का नया दौर शुरू होने की संभावना जताई गई है। रविवार को राजधानी भोपाल समेत कई शहरों में दिनभर बादल छाए रहे, लेकिन अधिकांश स्थानों पर बारिश नहीं हुई। बादलों और नमी के कारण लोगों को उमस का सामना करना पड़ा।
5 अगस्त से फिर सक्रिय होगा मानसून
मौसम विभाग के वरिष्ठ वैज्ञानिक अरुण शर्मा के अनुसार फिलहाल प्रदेश में कोई मजबूत मौसम प्रणाली सक्रिय नहीं है। इसी वजह से 4 अगस्त तक केवल छिटपुट बारिश देखने को मिलेगी। हालांकि 5 अगस्त के बाद बंगाल की खाड़ी से बनने वाली नई मौसम प्रणाली के प्रभाव से मध्यप्रदेश के कई हिस्सों में फिर से अच्छी बारिश होने की संभावना है। इसके चलते कुछ जिलों में भारी वर्षा भी दर्ज की जा सकती है।
इन संभागों में अगले तीन दिन रहेगा बादलों का असर
मौसम विभाग के अनुसार फिलहाल सबसे ज्यादा असर ग्वालियर-चंबल और रीवा संभाग में रहेगा। यहां बादल छाए रहने के साथ कई स्थानों पर हल्की बारिश और गरज-चमक की स्थिति बन सकती है। पश्चिमी मध्यप्रदेश के कई हिस्सों में भी कहीं-कहीं हल्की बौछारें पड़ने के आसार हैं, लेकिन फिलहाल व्यापक भारी बारिश की संभावना नहीं है।
प्रदेश में अब भी सामान्य से कम बारिश
मानसून सीजन शुरू होने के बाद से मध्यप्रदेश में बारिश का आंकड़ा अभी भी सामान्य से नीचे बना हुआ है।
पूरे प्रदेश में औसत से लगभग 15 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है।
पूर्वी मध्यप्रदेश में सामान्य से करीब 19 प्रतिशत कम वर्षा हुई है।
पश्चिमी मध्यप्रदेश में भी औसत से करीब 11 प्रतिशत कम बारिश रिकॉर्ड की गई है।
रविवार को प्रदेश में सबसे अधिक 45 मिमी बारिश आगर-मालवा जिले के बरोद क्षेत्र में दर्ज की गई।
अगले 16 घंटे इन जिलों में बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट
मौसम विभाग ने कई जिलों में गरज-चमक, हल्की बारिश और तेज हवा चलने की संभावना जताई है। इन जिलों में हल्की बारिश और 40 किमी प्रति घंटे तक हवा चल सकती है- भोपाल, विदिशा, रायसेन, सीहोर, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, खरगौन, इंदौर, उज्जैन, देवास, शाजापुर, अशोकनगर, ग्वालियर, दतिया, भिंड, मुरैना, रीवा, मऊगंज, सतना, कटनी, जबलपुर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, सिवनी, पन्ना, दमोह, सागर, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, मैहर और पांढुर्णा।
इन जिलों में भी बौछारों के साथ गरज-चमक की संभावना
राजगढ़, बड़वानी, अलीराजपुर, झाबुआ, धार, रतलाम, आगर-मालवा, मंदसौर, नीमच, गुना, शिवपुरी, श्योपुर, सिंगरौली, सीधी, अनूपपुर, शहडोल, उमरिया, डिंडोरी, मंडला और बालाघाट।
भोपाल समेत कई शहरों में उमस ने बढ़ाई परेशानी
राजधानी भोपाल में रविवार को दिनभर बादल छाए रहे लेकिन बारिश नहीं हुई। लगातार बनी नमी के कारण लोगों को उमस का सामना करना पड़ा। मौसम विभाग का कहना है कि अगले कुछ दिनों तक ऐसी स्थिति कई शहरों में बनी रह सकती है।
किसानों और आम लोगों के लिए क्या है सलाह?
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि जिन क्षेत्रों में फिलहाल भारी बारिश नहीं होगी वहां किसान खेती से जुड़े जरूरी कार्य पूरे कर सकते हैं। वहीं जिन जिलों में गरज-चमक का अलर्ट जारी किया गया है, वहां खुले स्थानों और पेड़ों के नीचे रुकने से बचने की सलाह दी गई है।