नई दिल्ली। संसद के मानसून सत्र में NEET-UG पेपर लीक का मुद्दा लगातार पांचवें दिन भी छाया रहा। शुक्रवार को लोकसभा की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्षी सांसदों ने "इस्तीफा-इस्तीफा" के नारे लगाए और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को हटाने तथा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सदन में बयान देने की मांग की। हंगामे के बीच संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि सरकार आज ही NEET मुद्दे पर चर्चा कराने के लिए तैयार है, लेकिन विपक्ष नई-नई शर्तें रखकर सदन की कार्यवाही बाधित कर रहा है। लगातार हंगामे के चलते लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही 27 जुलाई सुबह 11 बजे तक स्थगित कर दी गई।
लोकसभा में क्यों हुआ हंगामा?
सदन की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्षी सांसदों ने शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर जोरदार नारेबाजी की। विपक्ष का कहना है कि NEET-UG पेपर लीक मामले में सरकार जवाबदेही तय करे और प्रधानमंत्री स्वयं सदन में आकर बयान दें। हंगामे के कारण लोकसभा की कार्यवाही सामान्य रूप से नहीं चल सकी।
किरेन रिजिजू ने क्या कहा?
संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने सदन में कहा कि सरकार NEET विवाद पर चर्चा से पीछे नहीं हट रही है। उन्होंने कहा कि-
सरकार आज ही चर्चा कराने के लिए तैयार है।
विपक्ष बिना शर्त चर्चा में भाग ले।
बार-बार नई शर्तें रखने से देश में गलत संदेश जाता है।
संसद में चर्चा होना लोकतांत्रिक प्रक्रिया का हिस्सा है।
विपक्ष ने क्या मांग रखी?
विपक्ष ने सरकार से दो प्रमुख मांगें दोहराईं-
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को पद से हटाया जाए।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी संसद में आकर इस मुद्दे पर बयान दें।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि प्रधानमंत्री को आधी रात वीडियो संदेश जारी करने के बजाय संसद में आकर अपनी बात रखनी चाहिए।
केसी वेणुगोपाल का बयान
कांग्रेस नेता केसी वेणुगोपाल ने कहा कि देशभर के छात्र शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। उनका आरोप है कि सरकार छात्रों की मांगों पर ध्यान देने के बजाय मामले को दबाने की कोशिश कर रही है।
भाजपा का पलटवार
भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने विपक्ष पर छात्रों के आंदोलन का राजनीतिक लाभ उठाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि विपक्ष इस मुद्दे को राजनीतिक रूप देने की कोशिश कर रहा है, जबकि सरकार समाधान की दिशा में काम कर रही है।
भाजपा ने सांसदों के लिए जारी किया व्हिप
संसद में महत्वपूर्ण चर्चा की संभावना को देखते हुए भाजपा ने अपने सभी एनडीए सांसदों को सदन में मौजूद रहने के लिए व्हिप जारी किया है। दोपहर 1 बजे केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक भी प्रस्तावित है, जिसमें परीक्षा प्रणाली और पेपर लीक से जुड़े प्रस्तावों पर चर्चा होने की संभावना है।
लगातार पांचवें दिन नहीं चली संसद
NEET-UG विवाद को लेकर जारी गतिरोध के कारण लगातार पांचवें दिन संसद की कार्यवाही बाधित रही। लोकसभा और राज्यसभा दोनों सदनों को 27 जुलाई सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया गया है।
अब आगे क्या?
अब निगाहें 27 जुलाई को होने वाली अगली कार्यवाही पर होंगी। यदि सरकार और विपक्ष के बीच चर्चा को लेकर सहमति बनती है, तो NEET-UG मुद्दे पर सदन में विस्तृत बहस हो सकती है। फिलहाल दोनों पक्ष अपने-अपने रुख पर कायम हैं।
FAQs
Q1. संसद में हंगामा किस मुद्दे पर हुआ?
NEET-UG पेपर लीक मामले को लेकर।
Q2. विपक्ष की मुख्य मांग क्या है?
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा और प्रधानमंत्री का संसद में बयान।
Q3. सरकार का क्या रुख है?
सरकार ने कहा है कि वह NEET मुद्दे पर तुरंत चर्चा कराने के लिए तैयार है।
Q4. संसद कब तक स्थगित की गई है?
लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही 27 जुलाई सुबह 11 बजे तक स्थगित की गई है।
Q5. भाजपा ने व्हिप क्यों जारी किया?
संसद में संभावित महत्वपूर्ण चर्चा और कार्यवाही को देखते हुए एनडीए सांसदों की उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए।