नई दिल्ली - दिल्ली में आयोजित सेमीकॉन इंडिया इवेंट के दौरान केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग राज्य मंत्री जितिन प्रसाद ने भारत के सेमीकंडक्टर सेक्टर को लेकर सरकार की योजनाओं और उपलब्धियों पर बात की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन के अनुरूप भारत सेमीकंडक्टर इंडस्ट्री में तेजी से आगे बढ़ रहा है और अब पूरी दुनिया की नजरें भारत पर हैं।

ISM 1.0 के बाद ISM 2.0 पर जोर
जितिन प्रसाद ने कहा कि भारत ने इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन यानी ISM 1.0 के तहत पैकेजिंग और फैब से जुड़े काम शुरू किए थे। अब ISM 2.0 के माध्यम से इस क्षेत्र को और प्रोत्साहन दिया जा रहा है। उनका कहना है कि इससे देश में सेमीकंडक्टर निर्माण को नई गति मिलेगी और इंडस्ट्री का विस्तार होगा।
भारत में विकसित हो रहा पूरा इकोसिस्टम
केंद्रीय मंत्री के मुताबिक, भारत में सेमीकंडक्टर सेक्टर के लिए ऐसा मॉडल तैयार किया गया है, जिसमें पूरी वैल्यू चेन और इकोसिस्टम को देश के भीतर विकसित करने पर ध्यान दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार ने इस दिशा में तेजी से जरूरी व्यवस्थाएं तैयार की हैं, ताकि भारत केवल निर्माण तक सीमित न रहे, बल्कि रिसर्च, इनोवेशन और टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में भी मजबूत भूमिका निभा सके।
बड़ी कंपनियों और विशेषज्ञों की भारत में दिलचस्पी
जितिन प्रसाद ने कहा कि सेमीकंडक्टर इंडस्ट्री से जुड़ी दुनिया की बड़ी कंपनियां, विशेषज्ञ, शोधकर्ता और इनोवेटर्स भारत का रुख कर रहे हैं। उनके अनुसार, यह भारत में बनाई जा रही नीतियों और योजनाओं में भरोसे को दर्शाता है। उन्होंने सरकार की प्रक्रिया को पारदर्शी बताते हुए कहा कि योजनाओं को व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ाया जा रहा है।
आत्मनिर्भर भारत की दिशा में बड़ा कदम
केंद्रीय मंत्री ने सेमीकंडक्टर क्षेत्र के विकास को आत्मनिर्भर भारत की सोच से जोड़ते हुए कहा कि देश अब इस दिशा में ठोस परिणाम देख रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कुछ वर्ष पहले जिस विजन की नींव रखी थी, उसका असर अब दुनिया के सामने दिखाई दे रहा है। जितिन प्रसाद के मुताबिक, भारत सेमीकंडक्टर इंडस्ट्री में अपनी मजबूत पहचान बनाने की ओर बढ़ रहा है और आने वाले समय में यह क्षेत्र देश की तकनीकी एवं औद्योगिक क्षमता को और मजबूती देगा।