Barmer: बाड़मेर के चर्चित सीडी मामले में प्रवर्तन निदेशालय (Rajasthan Election 2023) ने कांग्रेस प्रत्याशी मेवाराम जैन को नोटिस जारी किया था। बुधवार को जयपुर ऑफिस में पेश होना था। मेवाराम जैन ने हाईकोर्ट की शरण ली। हाईकोर्ट की जोधपुर खंड पीठ ने सुनवाई की। कोर्ट ने जैन को राहत देते हुए ईडी के सम्मन को खारिज कर दिया। दरअसल, 15 नवंबर को ईडी जयपुर ने बाड़मेर से तीन बार के कांग्रेस विधायक मेवाराम जैन की ओर से दर्ज कराई गई सेक्सटॉर्शन की शिकायत के संबंध में धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) का मामला दर्ज किया था। हाल ही में सोशल मीडिया पर उनकी कुछ तस्वीरें सामने आने के बाद उन्होंने दावा किया था कि यह फोटो एडिटेड है। इसके बाद जैन ने बीते दिनों कोतवाली में एफआईआर दर्ज करवाई थी। जिसमें आरोप लगाया था कि उन्हें ब्लैकमेल किया जा रहा था। मेवाराम जैन ने बाड़मेर पुलिस में जो एफआईआर दर्ज करवाई है, उसी के आधार पर ईडी मनी ट्रेल की जांच करने के लिए जांच कर रहे है।
30 अक्टूबर को करवाया था मामला दर्ज
दरअसल, विधायक मेवाराम जैन ने 30 अक्टूबर को कोतवाली थाने में मामला दर्ज करवाया था। इसके मुताबिक राजस्थान चुनाव में मेवाराम इस बार भी इसी सीट से कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ रहे हैं। जैन के मुताबिक बीते लंबे समय से दयालराम पुत्र घेवरराम निवासी जोलियाली, शैलेंद्र अरोड़ा वकील व एक अन्य महिला सहित कुछ लोगों का एक गिरोह ब्लैकमेल कर रुपए वसूलते हैं। वर्तमान में बाड़मेर विधानसभा सीट से चुनाव लड़ रहा हूं तथा राजनीतिक भविष्य है, इससे मुझसे काफी लोग राजनीतिक दुर्भावना व ईष्र्या रखते हैं जो इस गिरोह से जुड़े हुए हैं। इस गिरोह के सदस्य मिलकर मुझे धमकियां देकर पारितोषण की मांग कर रहे हैं कि हमारे पास आपके एडिट किए फोटो और क्लिप हैं। सोशल मीडिया पर शेयर कर बदनाम कर राजनीति चौपट कर देंगे, अन्यथा 10 लाख रुपए हमें दे दो, नहीं तो उसका खामियाजा भुगतने के लिए तैयार रहो। यह गिरोह 10 लाख रुपए नहीं देने पर रेप का मामला दर्ज करवाने की धमकी दे रहा है।
ईडी 15 नवंबर को की थी शिकायत दर्ज
घटनाक्रम पर संपर्क करने पर ईडी (Rajasthan Election 2023) के एक वरिष्ठ अधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया “हां, हमने इस संबंध में एक पीएमएलए का मामला दर्ज किया है, क्योंकि यह पता चला है कि लगभग 5 करोड़ रुपए का आदान-प्रदान किया गया था। हम कथित तौर पर मेवाराम जैन की तस्वीरों और ट्रांजैक्शन की जांच कर रहे हैं। जैन ने हाल ही में इस संबंध में बाड़मेर पुलिस में एक नई शिकायत दर्ज कराई थी। इसलिए राजस्थान पुलिस की एफआईआर हमारे मामले का आधार है। “हम मनी ट्रेल की जांच करने के लिए जांच करेंगे। हमारे मामले में जैन को पीड़ित या आरोपी के रूप में देखा जाएगा या नहीं, यह जांच के बाद साफ हो जाएगा।'
2012 में भी आया था यह मामला
सेक्सटॉर्शन का मुद्दा पहली बार 2012 में सामने आया था। जब विधायक (Rajasthan Election 2023) ने पुलिस से संपर्क किया और शिकायत दर्ज की गई थी कि कुछ स्थानीय पत्रकार 10 लाख रुपए की मांग कर रहे थे और भुगतान न करने पर सीडी सार्वजनिक करने की धमकी दी थी। कांग्रेस ने मेवाराम जैन को बाड़मेर सीट से उम्मीदवार बनाया है, जहां उन्होंने लगातार तीन बार अपने बीजेपी प्रतिद्वंद्वी को अच्छे अंतर से हराया है।