UP Flood News: उत्तर प्रदेश में लगातार हो रही बारिश के चलते कई जिलों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। गंगा, यमुना, सरयू और मंदाकिनी समेत कई नदियों का जलस्तर बढ़ने से निचले इलाकों में पानी पहुंच गया है। प्रदेश के 23 जिलों में बाढ़ का असर बताया जा रहा है और अब तक 16 हजार से ज्यादा लोगों को रेस्क्यू किया जा चुका है। वाराणसी में स्थिति लगातार चुनौतीपूर्ण होती जा रही है। गंगा और वरुणा का पानी रिहायशी इलाकों तक पहुंच गया है। कई सड़कों पर नाव चल रही है और 407 परिवार अपने घर छोड़ चुके हैं। शहर के सभी 84 घाट पानी में डूबे हुए हैं। वहीं चित्रकूट और कानपुर देहात में मकान ढहने की घटनाओं में चार बच्चों समेत पांच लोगों की मौत हुई है। कई अन्य लोग घायल हुए हैं। प्रशासन की टीमें प्रभावित इलाकों में निगरानी और राहत कार्य में जुटी हैं।
काशी में गंगा-वरुणा का पानी घरों तक पहुंचा
वाराणसी में गंगा और वरुणा नदी का बढ़ता जलस्तर अब रिहायशी इलाकों के लिए परेशानी बन गया है। पानी घरों में प्रवेश करने लगा है और कई सड़कों पर आवाजाही के लिए नावों का सहारा लेना पड़ रहा है। अब तक 407 परिवार घर छोड़ चुके हैं। बाढ़ के कारण वाराणसी के सभी 84 घाट जलमग्न हैं। मणिकर्णिका घाट पर भी पानी भरने के कारण सामान्य व्यवस्थाएं प्रभावित हुई हैं। यहां छत पर अंतिम संस्कार किए जाने की स्थिति सामने आई है।
चित्रकूट में मंदाकिनी उफान पर, दुकानों और होटलों में घुसा पानी
चित्रकूट में मंदाकिनी नदी का पानी रामघाट और आसपास की सड़कों तक पहुंच गया है। बाढ़ के पानी ने स्थानीय कारोबार को भी प्रभावित किया है। बताया गया है कि 500 से ज्यादा दुकानों और करीब 20 से 25 होटलों में पानी घुस गया है। इसी बीच एक मकान ढहने की घटना में पिता और उनके दो बच्चों की मौत हो गई। हादसे में पति और बेटी की हालत गंभीर बताई गई है।
कानपुर देहात में मकान गिरने से दो बच्चों की मौत
कानपुर देहात में भी बारिश के बीच मकान ढहने से बड़ा हादसा हुआ। घटना में दो बच्चों की मौत हो गई, जबकि उनके पिता की हालत गंभीर बताई गई है। लगातार बारिश के बीच कमजोर और जर्जर भवनों को लेकर खतरा बढ़ गया है। प्रशासन की ओर से प्रभावित क्षेत्रों में हालात पर नजर रखी जा रही है।
बलिया में गंगा-सरयू का बढ़ा जलस्तर, सड़कों पर कमर तक पानी
बलिया में गंगा और सरयू दोनों नदियां उफान पर हैं। शहर के कई इलाकों में बाढ़ का पानी पहुंच गया है। कुछ सड़कों पर कमर तक पानी भरने से सामान्य आवागमन प्रभावित हुआ है। पानी बढ़ने के कारण लोगों को एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचने के लिए नावों का सहारा लेना पड़ रहा है। कई परिवार घरों की छतों पर रहने को मजबूर हैं।
सोनभद्र में रिहंद बांध ओवरफ्लो, छह गेट खोले गए
सोनभद्र में प्रदेश का सबसे बड़ा रिहंद बांध ओवरफ्लो हो गया है। बांध से पानी की निकासी के लिए उसके 6 गेट खोल दिए गए हैं। लगातार बारिश और बांध के जलस्तर में बढ़ोतरी के कारण प्रशासन की निगरानी बढ़ा दी गई है।
बिजनौर में हाईवे पर बह रहा गंगा का पानी, बैलगाड़ी से स्कूल पहुंचे बच्चे
बिजनौर में गंगा नदी का पानी कई इलाकों में पहुंच गया है। यहां स्थिति इतनी चुनौतीपूर्ण है कि हाईवे के ऊपर से भी पानी बह रहा है। कई गांवों में बाढ़ का पानी घुसने के बाद ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। इसी बीच बच्चों के स्कूल जाने का एक अलग ही नजारा देखने को मिला, जहां वे बैलगाड़ी के जरिए स्कूल जाते नजर आए।
प्रयागराज में रिवरफ्रंट रोड तक पहुंचा पानी
प्रयागराज में गंगा और यमुना के बढ़ते जलस्तर का असर शहर के निचले इलाकों में दिखाई दे रहा है। रिवरफ्रंट रोड के आसपास बने घरों तक बाढ़ का पानी पहुंच गया है। नदी के जलस्तर में लगातार बढ़ोतरी के कारण आसपास के लोगों की चिंता बढ़ गई है।
67 जिलों में बारिश का अलर्ट, 15 में भारी बारिश की चेतावनी
उत्तर प्रदेश में बाढ़ के बीच मौसम विभाग ने गुरुवार को प्रदेश के 67 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। इनमें 15 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। गुरुवार सुबह जौनपुर, सोनभद्र समेत करीब 10 जिलों में आसमान में बादल छाए रहे, जबकि प्रदेश के अन्य कई हिस्सों में धूप निकली हुई थी। लगातार बारिश और खराब मौसम को देखते हुए बलिया, वाराणसी समेत 8 जिलों में कक्षा 8वीं तक के स्कूल बंद रखने का फैसला किया गया है।
चंदौली में गड़ई नदी का जलस्तर बढ़ा
चंदौली के मुगलसराय क्षेत्र में भारी बारिश के बाद गड़ई नदी उफान पर आ गई है। बबुरी-अहरौरा मार्ग पर करीब 1 से 1.5 फीट पानी तेज बहाव के साथ सड़क के ऊपर से गुजर रहा है। स्थिति उस समय और चुनौतीपूर्ण हो गई जब मूसाखांड डैम से 17,580 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। डीएम चंद्र मोहन गर्ग के मुताबिक सभी बाढ़ चौकियों को सक्रिय कर दिया गया है और स्थिति की लगातार निगरानी की जा रही है। राजस्व, सिंचाई और पुलिस की टीमें भी प्रभावित क्षेत्रों में नजर बनाए हुए हैं।
झांसी में तेज हवाओं के साथ हुई जोरदार बारिश
झांसी में भी मौसम ने अचानक करवट ली। जिले में तेज हवाओं के साथ जोरदार बारिश हुई। मौसम के इस बदलाव के बीच आज झांसी में अधिकतम तापमान करीब 30 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान करीब 24 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है।
यूपी में राहत और चुनौती दोनों साथ
उत्तर प्रदेश में एक तरफ कई जिलों में बाढ़ का पानी लोगों के घरों और सड़कों तक पहुंच चुका है, तो दूसरी तरफ मौसम विभाग ने अभी भी बड़ी संख्या में जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। गंगा, यमुना, सरयू और मंदाकिनी जैसी नदियों के बढ़ते जलस्तर के बीच प्रशासन के सामने राहत एवं बचाव अभियान को लगातार सक्रिय बनाए रखने की चुनौती है। पहले ही हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया जा चुका है। आने वाले समय में बारिश की स्थिति और नदियों के जलस्तर पर निर्भर करेगा कि प्रभावित क्षेत्रों में हालात कितनी जल्दी सामान्य होते हैं।