झुंझुनूं: झुंझुनूं जिले में सड़क निर्माण कार्य के दौरान बड़ा हादसा हो गया। छापोली गांव में निर्माण कार्य के दौरान रोड़ी मिलाने वाली मशीन ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन बिजली लाइन के संपर्क में आ गई। इससे मशीन में करंट फैल गया और मौके पर काम कर रहे मजदूर इसकी चपेट में आ गए। हादसे में 8 मजदूरों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य लोगों के झुलसने की जानकारी सामने आई है।
कैसे हुआ झुंझुनूं में दर्दनाक हादसा?
पुलिस के मुताबिक, छापोली गांव में सड़क निर्माण का काम चल रहा था। इसी दौरान रोड़ी मिलाने वाली मशीन ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन बिजली लाइन के संपर्क में आ गई। शुरुआती जानकारी के अनुसार, यह 11 हजार वोल्ट की बिजली लाइन थी।बिजली लाइन के संपर्क में आते ही मशीन में करंट फैल गया और आसपास काम कर रहे मजदूर इसकी चपेट में आ गए। हादसा इतना गंभीर था कि 8 मजदूरों की जान चली गई। कई अन्य मजदूरों के झुलसने की भी जानकारी सामने आई है।
हादसे के बाद ग्रामीणों में आक्रोश, धरने पर बैठे लोग
इस दर्दनाक घटना के बाद छापोली गांव में शोक के साथ आक्रोश का माहौल है। बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर एकत्रित हो गए और मामले को लेकर धरना शुरू कर दिया।ग्रामीणों में हादसे को लेकर नाराजगी देखी जा रही है।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने जताया दुख
झुंझुनूं हादसे में मजदूरों की मौत पर राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने गहरी संवेदनाएं व्यक्त की हैं।मुख्यमंत्री ने कहा कि हादसे में श्रमिकों की असामयिक मृत्यु का समाचार दुखद है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को घायलों के समुचित उपचार, प्रभावित परिवारों को तत्काल हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने और घटना की जांच के निर्देश दिए हैं।उन्होंने दिवंगत आत्माओं की शांति और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना भी की।
पीएम मोदी ने किया मुआवजे का ऐलान
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी झुंझुनूं में हुए हादसे पर दुख जताया है। प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) के मुताबिक, मृतकों के परिजनों को प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (PMNRF) से 2-2 लाख रुपये की अनुग्रह राशि दी जाएगी।वहीं, हादसे में घायल लोगों को 50-50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता देने का ऐलान किया गया है। प्रधानमंत्री ने शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदनाएं व्यक्त करते हुए घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की।