पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस सुप्रीमो ममता बनर्जी ने रविवार को हुगली के तारकेश्वर और पूर्व बर्द्धमान में आयोजित चुनावी जनसभाओं से केंद्र सरकार और भाजपा पर तीखा हमला बोला। इस दौरान उन्होंने चुनावी रणनीतिकार संस्था आई-पैक को लेकर उठ रहे विवाद पर खुलकर प्रतिक्रिया दी।
ममता बनर्जी ने कहा कि अगर आई-पैक से जुड़े युवाओं को किसी तरह परेशान किया जाता है या उनकी नौकरी पर संकट आता है, तो राज्य सरकार उन्हें रोजगार उपलब्ध कराएगी। उन्होंने साफ कहा कि तृणमूल कांग्रेस किसी भी युवा को बेरोजगार नहीं होने देगी।
आई-पैक को लेकर भाजपा पर साजिश का आरोप
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान तृणमूल से जुड़े लोगों और सहयोगियों को जानबूझकर निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि विपक्ष के पास कई एजेंसियां हैं, जबकि तृणमूल के पास केवल जनता का भरोसा है।
ममता बनर्जी ने यह भी दावा किया कि ईडी और अन्य केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग कर उनके करीबी लोगों को परेशान किया जा रहा है। उन्होंने इसे राजनीतिक प्रतिशोध करार दिया।
विकास और सिंगुर आंदोलन का किया जिक्र
अपने संबोधन में ममता बनर्जी ने सिंगुर आंदोलन का उल्लेख करते हुए कहा कि बंगाल के विकास में उनकी भूमिका को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। उन्होंने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि कई राष्ट्रीय परियोजनाओं में राज्य के योगदान को कम करके आंका जा रहा है।
केंद्र पर लगाए कई गंभीर आरोप
ममता बनर्जी ने महिला आरक्षण, परिसीमन और किसानों से जुड़े मुद्दों को लेकर भी केंद्र सरकार को घेरा। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्रीय मंत्री द्वारा बांटे गए एक योजना कार्ड के जरिए लोगों की निजी जानकारी जुटाई जा रही है, जो पूरी तरह गलत है।
उन्होंने स्थानीय नेतृत्व को इस मामले में कानूनी कार्रवाई यानी एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश भी दिए।