कोलकाता: कोलकाता में तृणमूल कांग्रेस की प्रस्तावित रैली को लेकर राजनीतिक तनाव बढ़ गया है। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर राजाबाजार से पार्क सर्कस तक निकाली जाने वाली रैली को कोलकाता पुलिस से अनुमति नहीं मिलने की बात सामने आई है। पुलिस आयुक्त अजय कुमार नंद ने कहा कि इस कार्यक्रम के संबंध में पुलिस को कोई आधिकारिक सूचना नहीं मिली है। वहीं, मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने पुलिस को निर्देश दिया है कि रैली शुरू होने पर उसे शुरुआती स्थान पर ही रोक दिया जाए।
क्या है पूरा मामला?
तृणमूल कांग्रेस के छात्र और युवा संगठनों की ओर से मंगलवार, 13 अक्टूबर को दोपहर 2 बजे राजाबाजार से पार्क सर्कस तक विरोध मार्च निकालने का ऐलान किया गया था। पार्टी की ओर से इसे बड़ा विरोध प्रदर्शन बताया गया। इस रैली का उद्देश्य मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग उठाना और चुनाव आयोग के खिलाफ विरोध दर्ज कराना है। दिल्ली में प्रदर्शन के दौरान हुई पुलिस कार्रवाई को लेकर भी तृणमूल कांग्रेस विरोध जता रही है।
हालांकि, प्रस्तावित कार्यक्रम को लेकर पुलिस की अनुमति का सवाल पहले से ही चर्चा में था। कोलकाता पुलिस आयुक्त अजय कुमार नंद ने स्पष्ट किया कि रैली के संबंध में उन्हें कोई आधिकारिक जानकारी नहीं मिली है। उन्होंने कहा कि केवल पोस्टर या सोशल मीडिया पर प्रचार के आधार पर पुलिस व्यवस्था नहीं की जा सकती। किसी भी रैली के लिए आयोजकों को लिखित आवेदन देना होता है और उसके बाद रूट, संभावित भीड़ तथा यातायात व्यवस्था जैसे पहलुओं पर विचार किया जाता है।
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने क्या कहा?
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने रैली के आयोजन पर सवाल उठाते हुए ममता बनर्जी को इसे नहीं निकालने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि दुर्गा पूजा के दौरान शहर में किसी भी तरह की अव्यवस्था बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मुख्यमंत्री ने पुलिस को निर्देश देने की बात कहते हुए कहा कि रैली जहां से शुरू हो, उसे वहीं समाप्त कर दिया जाए।
उन्होंने राजाबाजार से पार्क सर्कस तक का रास्ता चुनने पर भी सवाल उठाया। मुख्यमंत्री के इस बयान के बाद रैली को लेकर राजनीतिक सरगर्मी और बढ़ गई है।
दोपहर 3 बजे तक शुरू नहीं हो सकी रैली
रिपोर्ट के अनुसार, रैली दोपहर 2 बजे शुरू होनी थी, लेकिन दोपहर 3 बजे तक इसके शुरू होने की खबर नहीं थी। ममता बनर्जी के भी उस समय तक कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने की सूचना नहीं थी। हालांकि, तृणमूल कांग्रेस की नेता डोला सेन और बेलियाघाटा के विधायक समेत पार्टी के अन्य नेता कार्यक्रम में मौजूद थे।
यातायात और कानून-व्यवस्था पर पुलिस की नजर
दुर्गा पूजा के मद्देनजर कोलकाता के विभिन्न इलाकों में लोगों की आवाजाही बढ़ रही है। ऐसे में राजाबाजार, सीआईटी रोड और पार्क सर्कस जैसे व्यस्त इलाकों में रैली से यातायात प्रभावित होने की आशंका जताई गई है। पुलिस आयुक्त ने कहा कि किसी भी जुलूस के लिए पहले से निर्धारित प्रक्रिया का पालन करना जरूरी है, ताकि भीड़ और यातायात को नियंत्रित करने के लिए उचित व्यवस्था की जा सके।
फिलहाल, इस पूरे मामले में नजर इस बात पर है कि तृणमूल कांग्रेस आगे क्या रुख अपनाती है और पुलिस प्रस्तावित मार्च को लेकर क्या कार्रवाई करती है।