हल्दिया: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे और अंतिम चरण का मतदान संपन्न होते ही राज्य के विभिन्न हिस्सों से हिंसा की खबरें आने लगी हैं। ताज़ा मामला हल्दिया नगरपालिका के वार्ड नंबर 13 से सामने आया है, जहाँ बुधवार रात तृणमूल कांग्रेस (TMC) के एक दलीय कार्यालय में जमकर तोड़फोड़ की गई।
सुबह दफ्तर पहुँचते ही दंग रह गए कार्यकर्ता
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, गुरुवार सुबह जब टीएमसी कार्यकर्ता पार्टी कार्यालय पहुंचे, तो वहां का नजारा देखकर उनके होश उड़ गए। कार्यालय के अंदर कुर्सियाँ और मेज टूटी हुई थीं, बैनर और फ्लेक्स फटे हुए थे और खिड़कियों के कांच चकनाचूर थे। जमीन पर तृणमूल का झंडा अपमानजनक स्थिति में पड़ा मिला। टीएमसी का आरोप है कि रात के अंधेरे में बीजेपी आश्रित उपद्रवियों ने इस हमले को अंजाम दिया है। इस संबंध में हल्दिया थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई गई है।
एग्जिट पोल और राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप
हल्दिया शहर तृणमूल कांग्रेस के उपाध्यक्ष ज्योतिप्रसाद दास ने कहा, "अंतिम चरण का मतदान खत्म होते ही विभिन्न एग्जिट पोल में बीजेपी को आगे दिखाया जा रहा है। इसी उत्साह में आकर बीजेपी के गुंडों ने हमारे कार्यालय पर हमला किया है"।दूसरी ओर, हल्दिया मंडल-4 के बीजेपी अध्यक्ष कार्तिक दास ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने पलटवार करते हुए कहा, "बीजेपी का इससे कोई लेना-देना नहीं है। यह टीएमसी की आपसी गुटबाजी और अंदरूनी कलह का नतीजा है, जिसका ठीकरा वे बीजेपी पर फोड़ रहे हैं"। पुलिस ने मौके का मुआयना कर जांच शुरू कर दी है।
अन्य इलाकों में भी हिंसा की खबरें
हल्दिया के अलावा भी कई जगहों पर तनाव देखा गया है:
भाटपारा: वार्ड नंबर 21 में एक टीएमसी कार्यकर्ता की बेरहमी से पिटाई का आरोप बीजेपी पर लगा है। यहाँ गोलीबारी की भी खबर सामने आई है।
बेहाला: दक्षिण कोलकाता के वार्ड नंबर 129 में टीएमसी कार्यकर्ताओं पर हमले की खबर है, जिसमें पूर्व पार्षद समेत पांच लोग घायल हुए हैं।